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पडरौना

रेताक्षेत्र में स्थलीय निरीक्षण कर आपूर्ति बहाल करने की हुई तैयारी

हिन्दुस्तान टीम,पडरौनाPublished By: Newswrap
Sun, 01 Aug 2021 04:01 AM
रेताक्षेत्र में स्थलीय निरीक्षण कर आपूर्ति बहाल करने की हुई तैयारी

खड्डा। हिन्दुस्तान संवाद

खड्डा रेताक्षेत्र के गांवों में करीब एक वर्ष पूर्व आई बाढ़ में बिजली के पोल नदी में विलीन हो जाने के चलते रेतावासी अंधेरे में जीवन यापन करने के लिए मजबूर हैं। विधायक जटाशंकर त्रिपाठी ने बिहार वन अधिकारियों के साथ बैठक कर बिहार के रास्ते खड्डा रेताक्षेत्र में विद्युत पोल लगाये जाने पर चर्चा की, लेकिन बात नहीं बनने पर शनिवार को विधायक जटाशंकर त्रिपाठी, एसडीएम अरविन्द कुमार, सीओ शिवाजी सिंह, इंस्पेक्टर आरके यादव समेत राजस्वकर्मियों के साथ नाव से नदी पार बसे मरिचहवा, शिवपुर नारायनपुर, बालगोविंद छपरा, विंध्याचलपुर पहुंचे, जहां उन्होंने पोल लगने वाले जमीनों का स्थलीय निरीक्षण किया।

वाल्मीकि गंडक बैराज पर नेपाल से अत्यधिक पानी आने से खड्डा रेताक्षेत्र के गांवों में प्रति वर्ष बाढ़ आती है। इससे लोगों को खानाबदोश की जिंदगी जीना पड़ता है। पिछले वर्ष रेताक्षेत्र में तीन बार बाढ़ आई। इसमें एक दर्जन बिजली के पोल नदी में विलीन हो गये थे तो वहीं ग्रामीणों ने अथक प्रयास कर 32 पोलों को नदी में विलीन होने से बचा लिया था। तब से गांव की लगभग 25 हजार की आबादी अब तक विद्युत आपूर्ति ठप होने से अंधेरे में जीवन यापन कर रहे है। गांव के इजहार अंसारी, रामकलप, लालूभगत, रमेश शुक्ल, नरसिंह, पप्पू, निजामुद्दीन, बेचन समेत आदि ग्रामीणों ने विधायक समेत बिजली विभाग से तार खींचकर विद्युत व्यवस्था शुरु कराने की मांग की, लेकिन एक वर्ष बीतने के बाद भी रेताक्षेत्र की विद्युत व्यवस्था बहाल नहीं हुई तो वहीं बिजली विभाग ने रेताक्षेत्र में सोलर लाइट लगाने की रिपोर्ट शासन को भेजी, वह भी परवान नहीं चढ़ सकी तो विधायक जटाशंकर त्रिपाठी ने रेतावासियों को अंधेरे से निजात दिलाने के लिए शनिवार को एसडीएम अरविंद कुमार के साथ नाव से नदीपार बसे गांवों में पहुंचे, जहां उन्होंने अधिकारियों के साथ पोल लगने वाले जगहों का निरीक्षण किया। विधायक ने कहा कि रेताक्षेत्र के गांवों में बिजली कैसे पहुंचाई जाय, उसका उपाय किया जा रहा है। वहीं, एसडीएम ने कहा कि पोल लगने वाले बिहार की जमीन की पैमाइश कराई जाएगी कि जमीन यूपी में है या बिहार में है।

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