Orai News: राष्ट्रीय लोक अदालत आज, सुलह समझौते के आधार पर होगा वादों का त्वरित निस्तारण
Orai News: उरई। संवाददाताराज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 सितंबर शनिवार को जिले की समस्त दीवानी न्यायालयों में किया जा

Orai News: उरई। संवाददाता राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन 12 सितंबर शनिवार को जिले की समस्त दीवानी न्यायालयों में किया जाएगा। इस दौरान विभिन्न मामलों का निस्तारण सुली समझौते के आधार पर किया जाएगा।जनपद न्यायाधीश वीरेन्द्र कुमार सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित होने वाली इस राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वादों का आपसी सुलह-समझौते के आधार पर त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में दीवानी, राजस्व, मोटर वाहन दुर्घटना, पारिवारिक एवं वैवाहिक दाम्पत्य विवाद, श्रम वाद, विद्युत एवं जल बिल से संबंधित शमनीय दण्ड वाद, मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद, लघु एवं शमनीय आपराधिक वाद तथा धारा 138 एनआई एक्ट के अंतर्गत चेक बाउंस के मामलों को निस्तारण के लिए नियत किया जाएगा।
लोक अदालत का उद्देश्य पक्षकारों की आपसी सहमति और सुलह के माध्यम से विवादों का सरल, शीघ्र एवं कम खर्च में समाधान उपलब्ध कराना है। उन्होंने बताया कि प्री-लिटिगेशन स्कीम के अंतर्गत मोबाइल टेलीफोन के बकाया बिल तथा विभिन्न बैंकों के ऐसे ऋण बकायेदारों के मामले भी नियत किए जाएंगे, जिन्होंने लंबे समय से अपने बकाया बिल अथवा बैंक ऋण का भुगतान नहीं किया है। उन्होंने ऐसे सभी बकायेदारों से राष्ट्रीय लोक अदालत में उपस्थित होकर इस अवसर का लाभ उठाने की अपील की है। उन्होंने बताया कि यातायात संबंधी चालानों का भी राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारण किया जाएगा। जनवरी 2022 से दिसंबर 2022 तक के चालानों का निस्तारण सुबह 11 से 12 बजे तक मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के न्यायालय में होगा। जनवरी 2023 से दिसंबर 2023 तक के चालानों का निस्तारण दोपहर 12 से 1 बजे तक विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट के न्यायालय में किया जाएगा। जनवरी 2024 से दिसंबर 2024 तक के चालानों का निस्तारण दोपहर एक से 2 बजे तक न्यायिक मजिस्ट्रेट के न्यायालय में तथा जनवरी 2025 से सितंबर 2026 तक के चालानों का निस्तारण दोपहर 2 से 3 बजे तक सिविल जज जूनियर डिवीजन एफटीसी द्वारा किया जाएगा। यातायात चालानों का सेतु ऐप के माध्यम से ई-पेमेन्ट द्वारा भी भुगतान किया जा सकता है।


