ट्रेंडिंग न्यूज़

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News उत्तर प्रदेश उरई7500 नौनिहालों के सिर पर हाईटेंशन लाइन का खतरा

7500 नौनिहालों के सिर पर हाईटेंशन लाइन का खतरा

डीएम के आदेश और बजट जारी करने के बाद भी अभी भी 145 परिषदीय स्कूलों

7500 नौनिहालों के सिर पर हाईटेंशन लाइन का खतरा
हिन्दुस्तान टीम,उरईTue, 25 Jun 2024 12:00 AM
ऐप पर पढ़ें

डीएम के आदेश और बजट जारी करने के बाद भी अभी भी 145 परिषदीय स्कूलों के 7500 बच्चे मौत बनकर झूल रही एचटी लाइन के नीचे पढ़ाई करने को मजबूर होंगे। बेसिक शिक्षा विभाग ने 145 स्कूलों को चिन्हित कर बिजली विभाग और जिला प्रशासन को इसकी रिपोर्ट भेजी थी। लेकिन बजट मंजूर करने के बाद भी बिजली विभाग ने एचटी लाइन नहीं हटाई है। जिले में बेसिक शिक्षा विभाग के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक 145 विद्यालय ऐसे हैं जिनके ऊपर से हाई टेंशन लाइन गुजरी हुई है। इन स्कूलों में पढ़ाई करने वाले हजारों बच्चे जान जोखिम में डालकर शिक्षा ग्रहण करने को मजबूर हैं। मौत बनकर स्कूलों के ऊपर झूल रही हाईटेंशन लाइनों को देखकर बच्चों को पढ़ाने वाले शिक्षक भी दहशत में रहते हैं। 28 जून से स्कूलों के खुलने का फरमान जारी कर दिया गया है लेकिन अभी तक इन स्कूलों के ऊपर से एचटी लाइन नहीं हटाई गई है। मानसून आने का वक्त शुरू हो चुका है और रोजाना आंधी तूफान आने के बाद इन हाईटेंशन लाइन के टूटने का भी बच्चों और शिक्षकों को भय बना रहेगा। बिजली विभाग और शिक्षा विभाग के पेंच में हाईटेंशन लाइनों को नहीं हटाया गया है। क्योंकि बिजली विभाग का मानना है कि एस्टीमेट के मुताबिक एचटी लाइन को हटाने के लिए अच्छा खासा बजट चाहिए होता है। वहीं सालों से लंबित इस समस्या को देखते हुए जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडे ने एक माह पहले 57 लाख रुपये का बजट खनिज विभाग से स्वीकृत भी कर दिया है। लेकिन अभी तक हाईटेंशन लाइन बिजली विभाग ने नहीं हटाई है।

यह हिन्दुस्तान अखबार की ऑटेमेटेड न्यूज फीड है, इसे लाइव हिन्दुस्तान की टीम ने संपादित नहीं किया है।