
सस्पेंड सीओ ऋषिकांत शुक्ला की होगी विजिलेंस जांच, तीन सहयोगियों के एनबीडब्ल्यू जारी
यूपी में सौ करोड़ से अधिक की आय के आरोपों में घिरे निलंबित सीओ ऋषीकांत शुक्ला की विजिलेंस जांच होगी। शासन ने इसका फैसला किया है। मैनपुरी के भोगांव में तैनात रहे सीओ पर कानपुर में तैनाती के दौरान अवैध संपत्ति बनाने और धोखाधड़ी के गैंग में शामिल होने का आरोप है।
यूपी में सौ करोड़ से अधिक की आय के आरोपों में घिरे निलंबित सीओ ऋषीकांत शुक्ला की विजिलेंस जांच होगी। शासन ने इसका फैसला किया है। मैनपुरी के भोगांव में तैनात रहे सीओ पर कानपुर में तैनाती के दौरान अवैध संपत्ति बनाने और धोखाधड़ी के गैंग में शामिल होने का आरोप है। रिटायर्ड इंस्पेक्टर की शिकायत पर एसआईटी द्वारा की गई जांच में इस बात का दावा किया गया है। इस गैंग के तीन आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एनबीडब्ल्यू पहले ही जारी हो चुके हैं।

कानपुर में तैनाती के दौरान सीओ ऋषीकांत शुक्ला पर सौ करोड़ से अधिक की संपत्ति अर्जित करने का आरोप लगाया गया था। ऋषीकांत के सहयोगी अधिवक्ता अखिलेश दुबे को धोखाधड़ी गैंग का मुखिया बताया गया। अखिलेश दुबे के खिलाफ पुलिस मुकदमा दर्ज कर चुकी है और उसे जेल भेज चुकी है। आरोप लगने के बाद ऋषीकांत शुक्ला को कानपुर से हटाकर मैनपुरी में तैनात कर दिया गया। एसआईटी जांच में ऋषीकांत को सौ करोड़ से अधिक संपत्ति का मालिक बताया गया। उन पर धोखाधड़ी के आरोप सही साबित हुए तो शासन ने उन्हें सस्पेंड कर दिया और बरेली जनपद से संबद्ध कर दिया है। रिटायर्ड इंस्पेक्टर भगवती प्रसाद मिश्रा से 51 लाख रुपये लेकर प्लाट न देने की शिकायत पर इस मामले की जांच शुरू हुई है। इस मामले में मुख्य आरोपी दिलीप राय बलवानी सहित तीन के एनबीडब्ल्यू जारी कराए गए हैं। ऋषीकांत शुक्ला के एनबीडब्ल्यू जारी नहीं हुए हैं। उधर इस संबंध में सस्पेंड सीओ ऋषीकांत शुक्ला का कहना है कि उनका इन आरोपों से कोई लेना देना नहीं है। उनके खिलाफ कोई एनबीडब्ल्यू जारी नहीं है।
गिरफ्तारी से बचने के लिए गायब हुए ऋषिकांत शुक्ला
शासन ने चार दिन पहले भोगांव में तैनात डिप्टी एसपी ऋषिकांत शुक्ला को सस्पेंड कर दिया है। सस्पेंड होने के बाद ऋषिकांत शुक्ला ने अपनी बेगुनाही साबित करने के लिए एक वीडियो भी दो दिन पहले सोशल मीडिया पर वायरल किया था। ये वीडियो वायरल हुआ तो चर्चाएं शुरू हो गईं। अब गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद ऋषिकांत शुक्ला की तलाश शुरू हो गई है। सूत्रों के मुताबिक ऋषिकांत शुक्ला गिरफ्तारी से बचने के लिए गायब हैं। उनकी अंतिम लोकेशन मैनपुरी मिली है इसलिए अखिलेश और ऋषिकांत की तलाश मैनपुरी में शुरू हो गई है।
रामकृष्ण द्विवेदी बनाए गए भोगांव के सीओ
इस संबंध में एसपी सिटी अरुण कुमार का कहना है कि शासन के निर्देश पर डिप्टी एसपी ऋषिकांत को सस्पेंड कर दिया गया था। उन्हें मैनपुरी से पदमुक्त भी कर दिया गया है। कानपुर पुलिस जो भी मदद मांगेगी मैनपुरी पुलिस करेगी। उधर एसपी गणेश प्रसाद साहा ने ऋषिकांत शुक्ला के सस्पेंड होने के बाद भोगांव का नया सीओ रामकृष्ण द्विवेदी को बना दिया है। नवागत सीओ ने शुक्रवार को चार्ज भी ग्रहण कर लिया है।





