संदिग्ध आतंकी फैजान के घर पहुंची NIA, सोशल मीडिया अकाउंट किया चेक, परिजनों-दोस्त से तीन घंटे पूछताछ
रामपुर में आतंकी गतिविधियों के आरोप में गुजरात की जेल में बंद फैजान सलमानी के घर रविवार तड़के राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीम पहुंची। एनआईए ने नरपतनगर में फैजान के परिजनों और उसके एक करीबी दोस्त से करीब तीन घंटे तक पूछताछ कर जानकारी जुटाई।

Rampur News: यूपी के रामपुर में आतंकी गतिविधियों के आरोप में गुजरात की जेल में बंद फैजान सलमानी के घर रविवार तड़के राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीम पहुंची। एनआईए ने नरपतनगर में फैजान के परिजनों और उसके एक करीबी दोस्त से करीब तीन घंटे तक पूछताछ कर जानकारी जुटाई। सुबह-सुबह हुई इस कार्रवाई से कस्बे में हड़कंप मचा रहा। रविवार सुबह करीब छह बजे एनआईए की टीम स्थानीय पुलिस को साथ लेकर सीधे नरपतनगर पहुंची। टीम ने फैजान सलमानी के परिजनों से उसके पुराने संपर्कों, गतिविधियों और सोशल मीडिया अकाउंट्स के बारे में लंबी पूछताछ की। इसके बाद टीम ने फैजान के करीबी दोस्त बताए जा रहे मुकीम के घर भी दस्तक दी और वहां भी परिवार के लोगों से जानकारी एकत्र की गई। इस दौरान टीम ने फैजान के पिछले व्यवहार और उसके संपर्क में रहने वाले लोगों के संबंध में पड़ताल की।
जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि फैजान किन लोगों के संपर्क में था और उसका नेटवर्क कहां तक फैला हुआ है। सूत्रों के अनुसार, टीम ने फैजान के मोबाइल फोन के इस्तेमाल और उसके सामाजिक संपर्कों से जुड़ी कड़ियों को जोड़ने के लिए यह पूछताछ की है। गौरतलब है कि फैजान सलमानी को गुजरात एटीएस ने इसी साल 27 जनवरी को गुजरात के नवसारी जिले से गिरफ्तार किया था। वह वहां सिलाई का काम करता था और उसके पास से एक अवैध पिस्टल, कारतूस और आपत्तिजनक साहित्य बरामद होने का दावा किया गया था।
स्थानीय पुलिस से भी ली जानकारी
गिरफ्तारी के करीब साढ़े तीन महीने बीतने के बाद एनआईए की इस सक्रियता को बेहद अहम माना जा रहा है। टीम ने स्थानीय पुलिस से भी फैजान से जुड़े पुराने रिकॉर्ड और उसकी स्थानीय गतिविधियों की जानकारी ली है। हालांकि, सुरक्षा एजेंसियों ने इस पूछताछ के नतीजों को लेकर फिलहाल कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की है। स्वार सीओ अतुल कुमार पांडेय ने बताया, एनआईए की टीम रविवार सुबह कोतवाली पहुंची थी। टीम ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से फैजान सलमानी के परिजनों और उनके एक दोस्त से पूछताछ की है। लगभग दो से तीन घंटे की पूछताछ के बाद टीम वापस लौट गई।
लेखक के बारे में
Dinesh Rathourदिनेश राठौर वर्तमान में 'लाइव हिन्दुस्तान' में डिप्टी चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं। डिजिटल और प्रिंट
पत्रकारिता में 13 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले दिनेश ने अपने करियर की शुरुआत 2010 में हरदोई से की थी। कानपुर
यूनिवर्सिटी से स्नातक दिनेश ने अपने सफर में हिन्दुस्तान (कानपुर, बरेली, मुरादाबाद), दैनिक जागरण और राजस्थान पत्रिका
(डिजिटल) जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं। हरदोई की गलियों से शुरू हुआ पत्रकारिता का सफर
आज डिजिटल मीडिया के शिखर तक पहुँच चुका है। दिनेश राठौर ने यूपी और राजस्थान के विभिन्न शहरों की नब्ज को प्रिंट और
डिजिटल माध्यमों से पहचाना है।
लाइव हिन्दुस्तान की यूपी टीम में कार्यरत दिनेश दिनेश, खबरों के पीछे की राजनीति और सोशल मीडिया के ट्रेंड्स (वायरल
वीडियो) को बारीकी से विश्लेषण करने के लिए जाने जाते हैं।
पत्रकारिता का सफर
हरदोई ब्यूरो से करिअर की शुरुआत करने के बाद दिनेश ने कानपुर हिंदुस्तान से जुड़े। यहां बतौर स्ट्रिंगर डेस्क पर करीब
एक साल तक काम किया। इसके बाद वह कानपुर में ही दैनिक जागरण से जुड़े। 2012 में मुरादाबाद हिंदुस्तान जब लांच हुआ तो
उसका हिस्सा भी बने। करीब दो साल यहां नौकरी करने के बाद दिनेश राजस्थान पत्रिका से जुड़ गए। सीकर जिले में दिनेश ने
करीब तीन साल तक पत्रकारिता की। उन्होंने एक साल तक डिजिटल का काम भी किया। 2017 में दिनेश ने बरेली हिंदुस्तान में
प्रिंट के डेस्क पर वापसी की। लगभग दो साल की सेवाओं के बाद डिजिटल हिंदुस्तान में काम करने का मौका मिला जिसका सफर जारी
है।


