पिता को बचाने आए युवक को पड़ोसी ने पीटा; मां-बेटी ने चाकू से वार किए, लखनऊ में मर्डर से हडकंप
लखनऊ के दुबग्गा क्षेत्र में मामूली विवाद के बाद पड़ोसी मोहित, उसकी मां और बहन ने 22 वर्षीय सूरज गौतम पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने थाने का घेराव किया। पुलिस ने तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।

लखनऊ के दुबग्गा थाना क्षेत्र के बेगरिया गांव में मामूली विवाद के बाद एक युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान 22 वर्षीय सूरज गौतम के रूप में हुई है, जो एक प्राइवेट फर्म में काम करता था। घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया और गुस्साए परिजनों व ग्रामीणों ने थाने का घेराव कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। मृतक के पिता राजेंद्र गौतम के मुताबिक, बुधवार शाम करीब पांच बजे वह घर के बाहर सड़क पर खड़े होकर किसी से बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान पड़ोसी मोहित बाइक से वहां से गुजर रहा था। आरोप है कि मोहित ने अचानक बाइक रोककर गाली-गलौज शुरू कर दी। राजेंद्र ने इसका विरोध किया तो दोनों के बीच कहासुनी हो गई और बात मारपीट तक पहुंच गई।
मां-बहन ने चाकू से किया हमला
शोर सुनकर मोहित की मां रंजना और बहन शिवानी भी मौके पर पहुंच गईं। आरोप है कि इस दौरान मारपीट बढ़ती देख शिवानी घर के अंदर गई और वहां से चाकू लेकर आ गई। इसी बीच राजेंद्र का बेटा सूरज गौतम भी मौके पर पहुंच गया और पिता को बचाने के लिए बीच-बचाव करने लगा। परिजनों का आरोप है कि मोहित, उसकी मां और बहन तीनों ने मिलकर सूरज के साथ मारपीट शुरू कर दी। इसी दौरान शिवानी ने चाकू से सूरज पर ताबड़तोड़ वार कर दिया। चाकू लगते ही सूरज गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा और खून से लथपथ हो गया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
हत्या के विरोध में थाने का घेराव
घटना की जानकारी मिलने पर आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही दुबग्गा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल सूरज को तुरंत ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया। हालांकि डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। सूरज की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। गुस्साए परिजन और ग्रामीण बड़ी संख्या में दुबग्गा थाने पहुंच गए और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए थाने का घेराव कर दिया।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को हिरासत में लिया
इस दौरान पुलिस और ग्रामीणों के बीच नोकझोंक भी हुई। ग्रामीणों का कहना था कि जब तक आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई नहीं की जाएगी, तब तक वे थाने से नहीं हटेंगे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने लोगों को समझाने का प्रयास किया और स्थिति को शांत कराया। देर रात पुलिस ने आरोपी मोहित, उसकी मां रंजना और बहन शिवानी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस का कहना है कि परिजनों की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही घटना की जांच भी की जा रही है।


