सफाई कर्मचारियों ने प्रदर्शन कर दी आंदोलन की चेतावनी

Newswrap हिन्दुस्तान, मेरठ
Follow us on Google News
share

सफाई कर्मचारी संगठन और वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधियों ने नगर निगम और जिला प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। वर्तमान में शहर में 2840 सफाई कर्मचारी हैं, जबकि 8400 की आवश्यकता है। कर्मचारियों का स्थायीकरण नहीं हुआ है और भूमि पर अवैध कब्जा किया गया है। प्रशासन से मांग की गई है कि भूमि को कब्जामुक्त किया जाए।

सफाई कर्मचारियों ने प्रदर्शन कर दी आंदोलन की चेतावनी

सफाई कर्मचारी संगठन और वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधियों ने बुधवार को कर्मचारियों की मांगों को लेकर नगर निगम और जिला प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि शहर की आबादी लगभग 30 लाख से अधिक हो चुकी है। सरकारी मानक के अनुसार प्रत्येक 10 हजार आबादी पर 28 सफाई कर्मचारी तैनात होने चाहिए। इस आधार पर शहर में करीब 8400 सफाई कर्मचारियों की आवश्यकता है। वर्तमान में केवल 2415 आउटसोर्सिंग कर्मचारी और 425 स्थायी कर्मचारी कार्यरत हैं। कुल 2840 कर्मचारियों के मुकाबले लगभग 5560 सफाई कर्मचारियों की तत्काल भर्ती की मांग की गई है।आरोप लगाया कि 1992 के बाद किसी भी कर्मचारी का स्थायीकरण नहीं किया गया।

कर्मचारियों को संविदा का दर्जा भी नहीं मिला है। वाल्मीकि समाज ने खसरा संख्या 2104 की भूमि को लेकर भी नाराजगी जताई। भूमाफिया पर भी जमीन पर अवैध कब्जे का आरोप लगाया गया। समाज ने प्रशासन से भूमि को कब्जामुक्त कराकर वापस दिलाने की मांग की है।

कृपया अपने अनुभव को रेट करें

Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।