Meerut News: गोवंशों की मौत पर दरोगा की टिप्पणी से भड़के हिंदू संगठन
Meerut News: सदर थाना क्षेत्र में दो दिन के अंदर दो गोवंश की मौत के बाद हिंदू संगठनों और गौ सेवा समिति के पदाधिकारियों ने थाने में हंगामा किया। संगठन ने चालकों की पहचान कर कार्रवाई की मांग की और आरोप लगाया कि गोवंश को सड़क पर छोड़ दिया गया। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

Meerut News: सदर थाना क्षेत्र में दो दिन के अंदर हादसों में दो गोवंश की मौत के बाद सोमवार रात हिंदू संगठनों और गौ सेवा समिति के पदाधिकारियों ने थाने में हंगामा किया। आरोप है कि गोवंश की मौत के मामले में एसआई की टिप्पणी से कार्यकर्ता नाराज हो गए। संगठन ने दोनों हादसों के जिम्मेदार चालकों की पहचान कर कार्रवाई की मांग की। संगठन से जुड़े नकुल पंडत के मुताबिक रविवार रात हनुमान चौक के पास एक थार चालक ने गोवंश को टक्कर मार दी थी। जिसमें गोवंश घायल हो गया था। संगठन के कार्यकर्ताओं ने उसको उपचार के लिए ले गए, लेकिन उसकी मौत हो गई। इसके बाद सोमवार शाम रंजबन क्षेत्र में भी एक कार की टक्कर से गोवंश की मौत हो गई।
हिंदू युवा सेवा समिति की शिकायत
पदाधिकारियों ने एक व्यक्ति पर दूध देने वाली गायों का दूध निकालने के बाद उन्हें सड़क पर छोड़ने का आरोप भी लगाया। मामले में पुलिस ने शिकायतों और आरोपों के आधार पर जांच शुरू कर दी है। थाना पुलिस का कहना है कि हनुमान चौक और रंजबन क्षेत्र के हादसों की सीसीटीवी फुटेज खंगाली जाएगी। फुटेज के आधार पर वाहनों और चालकों की पहचान कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान योगेश ठाकुर, तनुज पंडत, रजत वालिया, शंकर नाटी और आशुतोष मोहिते समेत अन्य पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।
गोवंश को सुरक्षित स्थान पर ले जाने का अभियान
हिंदू युवा सेवा समिति (गौ रक्षक) के योगेश ठाकुर की ओर से सदर थाने में दी गई तहरीर में एक अन्य मामले का भी उल्लेख किया गया है। तहरीर के मुताबिक, सोमवार को संगठन के कार्यकर्ता सड़क पर घूम रहे गोवंश को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने का अभियान चला रहे थे। करीब 50 गोवंश को वाहनों के माध्यम से सरकारी गौशाला भेजने की प्रक्रिया चल रही थी। आरोप है कि इसी दौरान एक व्यक्ति कुछ अज्ञात लोगों के साथ मौके पर पहुंचा और गोवंश को जबरन बाहर भगा दिया। विरोध करने पर गाली-गलौज और अभद्रता करने का आरोप लगाया गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। संगठन का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने भी कार्यकर्ताओं से अनुचित भाषा का प्रयोग किया।


