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22 अक्तूबर, 2020|8:49|IST

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शहर में नहीं चलेगा कैंट का टोल

शहर में नहीं चलेगा कैंट का टोल

मेरठ। मुख्य संवाददाता

शहर में कैंट का टोल नहीं चलेगा। सात दिसंबर के बाद शहर में दिल्ली रोड, मवाना रोड, रुड़की रोड पर टोल वसूली नहीं होगा। अब टोल के नए ठेके के लिए कैंट बोर्ड की अगली बैठक में नई शर्तों के साथ विचार-विमर्श होगा। वहीं, कैंट बोर्ड ने छह निर्वाचित सदस्यों के प्रस्ताव से वार्ड-6 की सदस्य मंजू गोयल की सदस्यता समाप्ति पर मुहर लगा दी है। अब कैंट के सभी क्षेत्रों में गैस पाइपलाइन का प्रस्ताव भी पास हो गया है।

बुधवार को कैंट बोर्ड अध्यक्ष ब्रिगेडियर अर्जुन सिंह राठौर की अध्यक्षता में बोर्ड बैठक हुई। बैठक के प्रारंभ में कैंट विधायक सत्यप्रकाश अग्रवाल ने कहा कि शहर की सड़कों पर कैंट बोर्ड का टोल नहीं लगना चाहिए। शहर की जनता कैंट का टोल नहीं चाहती है। कैंट बोर्ड उपाध्यक्ष विपिन सोढ़ी, पूर्व उपाध्यक्ष बीना वाधवा और अन्य सभी सदस्यों ने एक स्वर में विरोध किया। बीना वाधवा ने कहा कि इसे मिनट्स में दर्ज किया जाए। प्रशासन की ओर से डीएम के प्रतिनिधि एडीएम सिटी अजय कुमार तिवारी ने भी शहर में कैंट के टोल का विरोध किया।

उन्होंने कहा कि पीडब्लूडी ने भी शहर की सड़कों पर टोल के प्रस्ताव पर आपत्ति दर्ज की है। सभी ने सात दिसंबर के बाद शहर में दिल्ली रोड, मवाना रोड, रुड़की रोड पर कैंट के टोल का संचालन नहीं हो इसके लिए कैंट बोर्ड को कार्रवाई के लिए कहा। इसका नए सिरे से कैंट बोर्ड प्रस्ताव तैयार कर अगली बोर्ड बैठक में रखेगा, तब इस पर विचार होगा।

कैंट बोर्ड सदस्यों ने कहा कि शहर में पीडब्ल्यूडी की सड़कों पर कैंट को टोल वसूलने का कोई अधिकार नहीं है। पीडब्ल्यूडी की ओर से भी इस पर लिखित आपत्ति का पत्र बुधवार को ही कैंट बोर्ड सीईओ को भेजा गया। एडीएम सिटी ने कहा कि इससे कानून व्यवस्था प्रभावित हो रही है।

इसके साथ ही बोर्ड ने कैंट के वार्ड 6 की सदस्य मंजू गोयल के खिलाफ अवैध निर्माण, मोबाइल टावर लगाने आदि के आरोप में छह सदस्यों के प्रस्ताव को पास कर मध्य कमान और सरकार को भेजने की बात पर मुहर लगा दी। उधर, कैंट क्षेत्र में गैस पाइपलाइन के प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पास कर दिया गया है। अब मध्य कमान को अंतिम स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा।

बोर्ड बैठक में बोर्ड अध्यक्ष स्टेशन कमांडर ब्रिगेडियर अर्जुन सिंह राठौर, उपाध्यक्ष विपिन सोढ़ी, सदस्य रिनी जैन, बुशरा कमाल, नीरज राठौर, अनिल जैन, मंजू गोयल, धर्मेंद्र सोनकर के साथ जीई साउथ एन ए मैतेई व अन्य सैन्य सदस्यों, कार्यालय अधीक्षक जयपाल तोमर व राजस्व विभाग से हितेश कुमार शामिल हुए।

मंजू गोयल को नहीं दिया गया समय

पहली बार कैंट बोर्ड की बैठक में बोर्ड सदस्यों, अधिकारियों के सामने एक महिला होने के नाते वार्ड-6 की सदस्य पक्ष रखने के लिए एक महीने का समय मांगते हुए रोती-बिलखती रहीं। कैंट बोर्ड सदस्य मंजू गोयल ने आरोप लगाया कि उनके साथ अन्याय हो रहा है। अनर्गल आरोप लगाए जा रहे हैं। अवैध निर्माण का आरोप झूठा है। आरोप पत्र तो दिया जाए। पक्ष रखने के लिए मंजू गोयल के सामने माइक तक लगाने नहीं दिया गया। बिना माइक के वह बोलती रही, लेकिन सीईओ कैंट ने माइक तक लगने नहीं दिया। जब माइक लगाने के लिए कहा गया तो सीईओ ने हाथ से इशारा कर माइक को रोक दिया, जो सीसीटीवी कैमरे में भी कैद हुआ। कमांडर ने यहां तक कह दिया कि सरकार से जब आएगा तो आप जवाब दे दें।

भाजपा के सदस्य ही कर रहे एक दूसरे की ख़िलाफत

कैंट बोर्ड में भाजपा का बहुमत है और उपाध्यक्ष विपिन सोढ़ी भाजपा द्वारा ही उपाध्यक्ष बनाए गए, लेकिन फिर भी भाजपा के सदस्यों में ही आपस में तलवारें खींची हुई हैं। आपसी टकराव इतना बढ़ गया कि अब बोर्ड बैठक में मंजू गोयल की सदस्यता समाप्त किए जाने का प्रस्ताव आ गया। इस विषय पर भाजपा संगठन ने खामोशी साध ली है। निर्दलीय पार्षद और पूर्व उपाध्यक्ष बीना वाधवा, बुशरा कमाल भी समर्थन में रहीं। कैंट बोर्ड की जानकारी रखने वाले भाजपाइयों का मानना है कि इस विषय में पार्टी को दखल देकर सामंजस्य बनाना चाहिए।

किसी नए कर का निर्धारण न हो

उपाध्यक्ष विपिन सोढ़ी, पूर्व उपाध्यक्ष बीना वाधवा समेत सभी सदस्यों ने एक स्वर में कोरोना काल के कारण कैंट में किसी प्रकार का नए कर निर्धारण, बढ़ोतरी का प्रस्ताव नहीं करने का प्रस्ताव रखा। सदस्यों का कहना था कि कोरोना के चलते हर तीसरे वर्ष किए जाने वाला एआरवी न किया जाए। अगले तीन वर्ष भी पुरानी एआरवी से ही टैक्स वसूली की जाए ताकि कैंट की जनता को राहत मिल सके। इस पर सीईओ ने बताया कि यह कानूनी मसला है, इस विषय पर पहले कानूनी राय ले जी जाए।

यह भी हुआ बोर्ड में फैसला

1-प्रवेश शुल्क में ठेकेदार को कोरोना राहत समाप्त

बोर्ड बैठक में निर्णय लिया गया कि प्रवेश शुल्क वसूली के लिए टोल ठेकेदार को कोरोना के लिए दी गई राहत तत्काल प्रभाव से समाप्त की जाए। अब तत्काल प्रभाव से ठेकेदार, ठेके की शर्तों के तहत चार लाख 21 हजार रुपये ही प्रतिदिन जमा करेगा। पिछले दिनों के रेट की बोर्ड द्वारा समीक्षा के बाद तय होगा।

2-डोर टू डोर कूड़ा ठेका

बोर्ड बैठक में डोर टू डोर कूड़ा उठाने के ठेकेदार को 15 दिन में अनुबंध करने को कहा गया ताकि किसी प्रकार का व्यवधान न हो।

3-कैंट के 21 वाटर एटीएम एनजीओ के हवाले

कैंट क्षेत्र में पिछले साल लगाए गए सभी 21 वाटर एटीएम का संचालन अब एनजीओ के हवाले होगा। बोर्ड ने इस पर सहमति प्रदान कर दी है। अब बंद पड़े सभी वाटर एटीएम का संचालन फिर शुरू हो सकेगा।

रिक्शा ठेला लाइसेंस टेंडर स्वीकृत

- साइकिल स्टैंड व तहबाजारी के ठेके पुनः शुरू करने पर सहमति

- स्ट्रीट लाइट ठेकेदार के कार्य की समीक्षा की जाएगी

- टूटी सड़कें शीघ्र बनाने की बात कही गई

- सदस्य बुशरा कमाल के प्रस्ताव पर लालकुर्ती थाने के पास का कूड़ा घर समाप्त करने पर सहमति

- सदस्य धर्मेंद्र सोनकर द्वारा टंडेल मोहल्ले के कूड़ाघर को हटाने और वहां के सामूहिक शौचालय की रिपेयर का प्रस्ताव

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  • Web Title:Cant toll will not work in the city