इंतजार करती रही दुल्हन, नहीं आई बारात, नौ माह चले प्रेम प्रसंग के बाद तय हुआ था रिश्ता
मेरठ के लिसाड़ीगेट में नौ महीने के प्रेम प्रसंग के बाद तय हुए रिश्ते के बाद भी दूल्हा बारात लेकर नहीं पहुंचा। दुल्हन इंतजार करती रही और 300 लोगों का खाना धरा रह गया। सदमे में दुल्हन के पिता की हालत भी बिगड़ गई। दुल्हन ने थाने पहुंचकर तहरीर दी है।

UP News: उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने रिश्तों की अहमियत और भरोसे पर सवाल खड़े कर दिए हैं। लिसाड़ीगेट थाना क्षेत्र के श्यामनगर में एक युवती दुल्हन का जोड़ा पहनकर और हाथों में अपने होने वाले शौहर के नाम की मेहंदी रचाकर इंतजार करती रही, लेकिन बारात लेकर दूल्हा नहीं पहुंचा। इस धोखे ने न केवल खुशियों के घर में मातम फैला दिया, बल्कि अपनी बेटी का घर बसता देखने का सपना संजोए पिता को ऐसा सदमा लगा कि सीने में दर्द होने पर अस्पताल में भर्ती कराना पड़ गया है।
9 महीने का प्रेम प्रसंग और निकाह का वादा
जानकारी के अनुसार, श्यामनगर गली नंबर-3 की रहने वाली युवती का अपनी ही रिश्तेदारी के एक युवक से पिछले करीब 9 महीनों से प्रेम प्रसंग चल रहा था। दोनों ने साथ जीने-मरने की कसमें खाई थीं। शुरुआत में युवक के परिजन इस रिश्ते के खिलाफ थे, लेकिन युवती और उसके परिवार के समझाने पर युवक और उसके कुछ करीबी रिश्तेदारों ने सहमति दे दी। आपसी बातचीत के बाद 2 अप्रैल 2026 को निकाह की तारीख मुकर्रर की गई।
दावत की तैयारी और फिर मिला धोखा
गुरुवार को दुल्हन के घर पर जश्न का माहौल था। करीब 300 मेहमानों के लिए लजीज पकवान बनवाए गए थे, टेंट लग चुका था और रिश्तेदार जुट चुके थे। शाम होने को आई, लेकिन बारात का कोई अता-पता नहीं था। घबराए परिजनों ने जब दूल्हे और उसके परिवार को फोन मिलाया, तो उधर से कोई जवाब नहीं मिला। घंटों इंतजार और लगातार फोन कॉल अनसुने किए जाने के बाद यह साफ हो गया कि दूल्हा बारात लेकर नहीं आएगा। इस सदमे को युवती के पिता बर्दाश्त नहीं कर सके। उनके सीने में तेज दर्द हुआ और वे बेहोश होकर गिर पड़े। उन्हें आनन-फानन में डॉक्टर के पास ले जाया गया, जहाँ उनकी हालत नाजुक बनी हुई है।
थाने पहुंची दुल्हन, दूसरे पक्ष की अजीब दलील
पिता को अस्पताल पहुंचाने के बाद, हिम्मत जुटाकर दुल्हन खुद अपने परिजनों के साथ लिसाड़ीगेट थाने पहुंची। उसने दूल्हे और उसके परिवार के खिलाफ तहरीर देते हुए कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने जब दूसरे पक्ष (दूल्हे पक्ष) से संपर्क किया, तो बिचौलिए के माध्यम से एक अजीब दलील सामने आई। दूल्हे पक्ष का कहना था कि दूल्हे की मां इस निकाह के खिलाफ थी और उनकी शर्त थी कि जब तक लड़की वाले घर आकर दोबारा बात नहीं करेंगे, बारात नहीं जाएगी।
पुलिस की कार्रवाई और प्रयास
एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह के अनुसार, पुलिस को इस मामले में तहरीर प्राप्त हुई है। पुलिस टीम दोनों पक्षों के बीच बातचीत के जरिए समाधान निकालने का प्रयास कर रही है ताकि युवती का घर बस सके। हालांकि, पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि आपसी सहमति से बात नहीं बनी, तो धोखाधड़ी और अन्य गंभीर धाराओं में कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। फिलहाल, पूरे इलाके में इस 'बेवफा दूल्हे' और बेबस दुल्हन की चर्चा हो रही है।
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लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव लाइव हिन्दुस्तान में पिछले छह वर्षों से यूपी सेक्शन को देख रहे हैं। यूपी की राजनीति, क्राइम और करेंट अफेयर से जुड़ी खबरों को कवर करने की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। यूपी की राजनीतिक खबरों के साथ क्राइम की खबरों पर खास पकड़ रखते हैं। यूपी में हो रहे विकास कार्यों, शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में आ रहे बदलाव के साथ यहां की मूलभूत समस्याओं पर गहरी नजर रखते हैं।
पत्रकारिता में दो दशक का लंबा अनुभव रखने वाले योगेश ने डिजिटल से पहले प्रिंट में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई। लम्बे समय तक हिन्दुस्तान वाराणसी में सिटी और पूर्वांचल के नौ जिलों की अपकंट्री टीम को लीड किया है। वाराणसी से पहले चड़ीगढ़ और प्रयागराज हिन्दुस्तान को लांच कराने वाली टीम में शामिल रहे। प्रयागराज की सिटी टीम का नेतृत्व भी किया।
बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से बीकॉम में ग्रेजुएट और बनारस की ही काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट योगेश ने कई स्पेशल प्रोजेक्ट पर काम भी किया है। राष्ट्रीय नेताओं के दौरों को कवर करते हुए उनके इंटरव्यू किये। नेताजी सुभाष चंद्र बोस की मौत से जुड़े रहस्यों पर हिन्दुस्तान के लिए सीरीज भी लिख चुके हैं।


