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55 हजार किसान सम्मान निधि से वंचित

ई-केवाईसी, एनपीसीआई से खाता लिंक नहीं कराने के चलते जिले के 55 हजार किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से वंचित हो गए...

55 हजार किसान सम्मान निधि से वंचित
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हिन्दुस्तान टीम,मऊThu, 20 Jun 2024 11:15 PM
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मऊ। ई-केवाईसी, एनपीसीआई से खाता लिंक नहीं कराने के चलते जिले के 55 हजार किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से वंचित हो गए हैं। इनमें से 20758 किसानों का एनपीसीआई (नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया) से खाता लिंक नहीं हुआ है, जबकि 35056 किसानों ने अपने बैंक खाते का ई-केवाईसी नहीं कराया है। ऐसे में 2.16 लाख किसानों के ही खाते में सम्मान निधि की धनराशि पहुंच पाई है। जिन किसानों के खातों में दो-दो हजार रुपये की राशि नहीं आ पाई है वे अब विभाग के चक्कर लगा रहे हैं।
केंद्र सरकार लघु सीमांत किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की राशि दे रही है।इस योजना के तहत साल में तीन बार किसानों के खाते में दो-दो हजार रुपये जाता है। प्रत्येक चार महीने पर प्रधानमंत्री सम्मान निधि की राशि किसानों के खातों में भेजी जाती है। साल में कुल छह हजार रुपये की धनराशि लघु, मध्यम किसानों के लिए काफी मददगार साबित होती है। यह पैसा किसानों को खरीफ और रबी सीजन में खाद-बीज खरीदने तथा खेत की जुताई, सिंचाई के काम आता है। जिले में तीन लाख 14 हजार 515 किसान कृषि विभाग में पंजीकृत हैं, लेकिन खाता सहीं नहीं होने के चलते सभी किसानों को सम्मान निधि का लाभ नहीं मिल रहा है। हालांकि, किसानों के खाते में कमियां दूर करने को ग्राम पंचायत स्तर पर अभियान भी चल चुका है, लेकिन अब भी 55 हजार ऐसे किसान हैं जिनको सम्मान निधि की राशि से वंचित होना पड़ा है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की 17वीं किस्त का लाभ जिले के 2.16 लाख किसानों को मिला है। इन किसानों के खाते में बीते मंगलवार से धनराशि जाने की शुरुआत हो गई। वहीं बार-बार निर्देश के बाद भी 35056 किसानों द्वारा अपने बैंक खाते का ई-केवाईसी नहीं कराने के चलते उन्हें सम्मान निधि से वंचित होना पड़ेगा। इसके अलावा एनपीसीआई से खाता लिंक नहीं कराने के चलते 20758 किसानों के खाते में सम्मान निधि की राशि नहीं जा पाएगी। इस तरह से कुल 55814 किसानों प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि नहीं पहुंची है। उप कृषि निदेशक सत्येंद्र सिंह चौहान ने कहा बार-बार निर्देश के बाद भी किसानों द्वारा एनपीसीआई व ई-केवाईसी कराने में लापरवाही बरतने के चलते उन्हें सम्मान निधि से वंचित होना पड़ेगा।

जांच में मिले 500 अपात्र लोगों की होगी रिकवरी

मऊ। किसान सम्मान निधि की जांच के दौरान 500 ऐसे अपात्र लोग लाभार्थी पकड़े गए हैं, जिसमें पति-पत्नी दोनों ही सम्मान निधि की धनराशि ले रहे थे। ऐसे अपात्र लोगों की सम्मान निधि की धनराशि बंद करते हुए रिकवरी की कार्रवाई की जाएगी।

इस प्रकार चेक करें लिस्ट में अपना नाम

मऊ। यदि आप किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी हैं और 17वीं किस्त के आने के इंतजार में बैठे हैं तो एक बार पहले पीएम किसान योजना की आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in जाकर यह देख लें कि आपको यह किस्त मिलेगी भी या नहीं। संबंधित लिंक पर क्लिक कर अपना रजिस्ट्रेशन नंबर या आधार नंबर डालें। इसके बाद कैप्चा दर्ज करें और गैट स्टेटस पर क्लिक करें। इसके बाद स्क्रीन पर किस्त से जुड़ा स्टेटस दिखाई देगा।

बिना केवाईसी नहीं आएगी किस्त

किसानों के खातों में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की राशि आ गई है। जिले में 2.16 किसानों का डाटा भारत सरकार के पोर्टल पर अपलोड था तो इनके खातों में राशि आई है। जिन किसानों की केवाईसी नहीं हुई है उनके खातों में किस्त नहीं आई है। किसान अपनी केवाईसी करा लें, तभी उनके खातों में यह और आगामी किस्त आएगी।

- सत्येंद्र सिंह चौहान, कृषि उपनिदेशक, मऊ।

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