दंगे के पोस्टर और सपा सांसद के मस्जिद स्थल पहुंचने पर बड़ा ऐक्शन, 5 दारोगा समेत 14 निलंबित
मुजफ्फरनगर में दंगे के पोस्टर लगने और सपा सांसद हरेंद्र मलिक के हाउस अरेस्ट होने के बाद भी सहारनपुर में मस्जिद स्थल पहुंचने पर देर रात बड़ा ऐक्शन हो गया। पांच दारोगा समेत 14 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।

मुजफ्फरनगर में सपा सांसद हरेंद्र मलिक को हाउस अरेस्ट करने के बावजूद पुलिस को चकमा देकर सहारनपुर में मस्जिद स्थल पर पहुंचने और शहर में वर्ष 2013 के मुजफ्फरनगर दंगों के पोस्टर चस्पा होने बड़ा ऐक्शन हुआ है। एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने देर रात ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में थाना सिविल लाइन के आठ और शहर कोतवाली के छह पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया। इनमें चार दारोगा, स्थानीय अभिसूचना ईकाई (एलआईयू) के एक उपनिरीक्षक और नौ सिपाही शामिल हैं।
सोमवार को मुजफ्फरनगर दंगे की 13वीं बरसी थी। इसे लेकर मुजफ्फरनगर समेत आसपास के कई शहरों में अखिलेश यादव की फोटो के साथ दंगों को पोस्टर लगा दिए गए। इसमें लिखा था ‘न भूले थे, न भूले हैं, न भूलेंगे।’ शहर में रोडवेज बस स्टैंड सहित कई प्रमुख चौराहे पर पोस्टर चस्पा देख पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। पुलिस ने आनन-फानन में पोस्टर हटवाए। इसके बाद सीसीटीवी फुटेज से पड़ताल शुरू हुई तो पता चला कि बस में सवार होकर कुछ युवक मुजफ्फरनगर में रविवार रात पहुंचे और रोडवेज बस स्टैंड सहित अन्य जगहों पर पोस्टर चस्पा कर भाग निकले।
पुलिस की निगरानी और गश्त व्यवस्था पर सवाल
सार्वजनिक स्थान पर पोस्टर लगने की घटना ने क्षेत्र में पुलिस की निगरानी और गश्त व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए। एसएसपी ने इसे गंभीर मामला माना और जांच एसपी सिटी को सौंपी। पुलिसकर्मियों की भूमिका और गश्त व्यवस्था की जांच शुरू कराई गई। देर रात तीन दारोगाओं समेत आठ पुलिस वालों को निलिंबित कर दिया गया।
इनमें सिविल लाइन के दारोगा पंकज कुमार और मुकुल कुशवाहा, एलआईयू के दारोगा राजकुमार के साथ ही कांस्टेबल महेंद्र प्रताप सिंह, रिक्रूट कांस्टेबल विवेक कुमार, विशाल कुमार, मोनू कुमार और अमित शर्मा को शामिल हैं।
सांसद हरेंद्र मलिक के चकमा देने में छह नपे
उधर, सपा सांसद हरेंद्र मलिक के मुजफ्फरनगर स्थित आवास पर पुलिस फोर्स तैनात कर उन्हें हाउस अरेस्ट किया गया था। इसके बावजूद सांसद पुलिस टीम को चकमा देकर सोमवार को सहारनपुर कलक्ट्रेट पहुंच गए। वहां उन्होंने ध्वस्त मस्जिद स्थल का निरीक्षण करने के साथ ही अधिकारियों से मुलाकात की। सांसद के पुलिस सुरक्षा घेरे से निकलकर सहारनपुर पहुंचने के बाद पुलिस की व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए।
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी ने देर रात संबंधित पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की। शहर कोतवाली के दारोगा नितिन कुमार और यशपाल सिंह तथा कांस्टेबल नदीम, निशांत कुमार, दीपक गौतम और दिनेश कुमार को निलंबित कर दिया गया है।
समाजवादी पार्टी ने पहले ही प्रतिनिधिमंडल के सहारनपुर पहुंचने और मस्जिद ध्वस्तीकरण के मामले में अधिकारियों से मुलाकात कर विरोध का ऐलान किया था। इसे देखते हुए प्रतिनिधिमंडल में शामिल सभी नेताओं को सुबह से ही हाउस अरेस्ट कर दिया गया था।


