डाकिए घर पहुंच कर बनाएंगे डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र
Maharajganj News - महराजगंज में डाक विभाग के आईपीपी बैंक ने पेंशनधारकों के लिए डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र जारी करने का निर्णय लिया है। यह सुविधा विशेष रूप से बीमार और दिव्यांग पेंशनधारकों के लिए सहायक होगी। पेंशनभोगी अब घर...

महराजगंज, निज संवाददाता। डाक विभाग के आईपीपी बैंक पेंशनधारकों की समस्याओं के समाधान को आगे आ गया है। पेंशनधारकों को हर साल एक अक्तूबर से लेकर 30 नवम्बर तक जीवन प्रमाणपत्र जमा करना होता है। आईपीपी बैंक ने आईटी मंत्रालय से मिलकर डाकिए के माध्यम से पेंशनधारकों को डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र जारी करने का निर्णय लिया है। यह सुविधा बीमार और दिव्यांग पेंशनधारकों के लिए काफी सुविधाजनक होगा। डाक विभाग के आईपीपी बैंक द्वारा ग्रामीण क्षेत्र में अपना दायरा बढ़ाने के लिए हर सम्भव काम किया जा रहा है। इससे कुछ ही वर्षों में आईपीपी बैंक के प्रति लोगों का विश्वास काफी बढ़ गया है।
वहीं समय से पूर्व अब केन्द्र या राज्य सरकार, कर्मचारी भविष्य निधि संगठन आदि पेंशनभोगी की समस्याओं का समाधान भी कर दिया है। पेंशनभोगी कर्मचारियों को जीवन प्रमाणपत्र जमा करने के लिए दर-दर भटकने की जरूरत नहीं है। पेंशनभोगी कर्मचारियों द्वारा आईपीपी बैंक के वेबसाइट के द्वारा डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र जारी करने के लिए डाकिए को घर बुलाया जा सकता है। डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र के लिए आधार जरूरी है। आईपीपी बैंक प्रबंधक गुंजन तिवारी ने बताया कि जिले के पेंशनभोगी ऑनलाइन माध्यम से अपना डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र जारी कराने के लिए डाकिए से अनुरोध कर सकते हैं। डाकिए को संदेश प्राप्त होने पर वह पेंशनभोगी के घर पहुंच कर डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र जारी करेगा। एप से भी उठा सकते हैं लाभ: पेंशन भोगी कर्मचारियों द्वारा एप का इस्तेमाल करके भी डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र बनवाया जा सकता है। इसके लिए पेंशन भोगी कर्मचारियों को प्ले स्टोर से एप डाउनलोड करना होगा। पेंशनभोगी को आधार नंबर, मोबाइल नंबर, बैंक या डाकघर का खाता संख्या और पीपीओ नंबर देना होगा।
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