इस बार जिले में नहीं होगी खाद की कमी, किसानों को मिलेगी राहत
महराजगंज में इस खरीफ सीजन के लिए खाद की कमी नहीं होगी। कृषि विभाग ने पर्याप्त मात्रा में यूरिया, डीएपी और एनपीके की उपलब्धता सुनिश्चित की है। किसानों को आधार कार्ड और पहचान के बाद ही खाद दिया जा रहा है। प्रशासन ने कालाबाजारी रोकने के लिए सख्त कदम उठाए हैं।

महराजगंज, हिन्दुस्तान टीम। इस खरीफ सीजन में खाद की कमी नहीं होगी। जिले में भरपूर खाद का लक्ष्य है और पर्याप्त मात्रा में पहुंचना भी शुरू हो गया है। अधिकांश किसानों में वितरण भी किया जा रहा है। हालांकि खाद की कालाबाजारी रोकने के लिए किसाानों का पहचान कराने के बाद ही खाद दी जा रही है। इसमें आधार कार्ड दिखाने के बाद बायोमैट्रिक मशीन पर अंगूठा लगाकर पहचान होने के बाद ही खाद मिल रही है। इसके साथ ही किसानों को खतौनी और फार्मर रजिस्ट्री भी दिखाना होगा। खेत के क्षेत्रफल के अनुसार डीएपी या एनपीके व यूरिया दी जा रही है। खरीफ वर्ष 2026 की तैयारियों के बीच जनपद में किसानों को उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए कृषि विभाग लगातार निगरानी बनाए हुए है। कृषि विभाग का दावा है कि जिले में यूरिया, डीएपी, एनपीके सहित विभिन्न उर्वरकों का पर्याप्त भंडारण उपलब्ध है। इसका वितरण कार्य भी तेजी से किया जा रहा है। विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक यूरिया का कुल लक्ष्य 62,830 मीट्रिक टन निर्धारित किया गया है। 1 अप्रैल से अब तक कुल 30,816 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध हुआ। जिसमें से 7,827 मीट्रिक टन का वितरण किसानों के बीच किया जा चुका है। वर्तमान में 22,989 मीट्रिक टन यूरिया का स्टॉक शेष है। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार उपलब्धता में 1,585 मीट्रिक टन की बढ़ोतरी दर्ज की गई है。
डीएपी उर्वरक की उपलब्धता
इसी प्रकार डीएपी उर्वरक का कुल लक्ष्य 18742 मीट्रिक टन है। अब तक 10338 मीट्रिक टन डीएपी उपलब्ध हुआ। जबकि 3535 मीट्रिक टन का वितरण किया जा चुका है। वर्तमान में 6803 मीट्रिक टन डीएपी शेष है। एनपीके की उपलब्धता में भी वृद्धि देखने हुई है। जिले में 7974 मीट्रिक टन एनपीके उपलब्ध हुआ। जिसमें से 715 मीट्रिक टन किसानों को वितरित किया गया। इसके अतिरिक्त एसएसपी व एमओपी उर्वरकों का भी पर्याप्त भंडारण विभाग के पास उपलब्ध है।
समीक्षा और प्रशासनिक कदम
खरीफ सीजन में किसानों को किसी प्रकार की समस्या न हो इसके लिए जनपद स्तर पर डीएम, सीडीओ व जिला कृषि अधिकारी द्वारा लगातार समीक्षा की जा रही है। उर्वरक विक्रेताओं को निर्धारित दरों पर बिक्री सुनिश्चित करने तथा अनावश्यक जमाखोरी न करने के निर्देश दिए गए हैं। इस बार प्रशासन ने उर्वरकों की कालाबाजारी और अनियमित बिक्री पर भी सख्त रुख अपनाया है। मई में 10 बोरी से अधिक यूरिया व डीएपी बिक्री करने वाले कुल 15 उर्वरक विक्रेताओं को नोटिस जारी किया गया है।
किसानों की सलाह
जिला कृषि अधिकारी शैलेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा, जिले में पर्याप्त खाद की उपलब्धता है। किसानों को चाहिए कि वह अफवाहों पर ध्यान न दे। सभी को खाद मिलेगी। डीएपी, एनपीके,यूरिया सभी किसानों को मिलेगी। आधार, खतौनी व फार्मर रजिस्ट्री से पहचान कर क्षेत्रफल के अनुसार ही किसानों को खाद दिए जाने का निर्देश दिया गया है।
सामान्य प्रश्न
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


