DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

यूपी : 70 चपरासियों को क्लर्क बनाने में पीसीएस सस्पेंड

केंद्रीय चुनाव आयोग से मंजूरी मिलने के बाद यूपी सरकार ने चंकबदी विभाग में धांधली करके 70 चपरासियों को बाबू बनाने के आरोप में पीसीएस अधिकारी छोटेलाल मिश्र को निलंबित कर दिया है। नियुक्ति एवं कार्मिक विभाग के अपर मुख्य सचिव मुकुल सिंहल ने छोटेलाल मिश्र के निलंबन आदेश शुक्रवार को जारी किए जाने की पुष्टि की। दूसरे आरोपी आईएएस अधिकारी शारदा सिंह के निलंबन को अभी तक आयोग ने मंजूरी नहीं दी है। 

चकबंदी विभाग में 26 व 27 दिसंबर, 2018 को चपरासियों के क्लर्क पद पर प्रमोशन के लिए टाइपिंग परीक्षा रखी गई थी। इस परीक्षा में क्षेत्रीय सेवा योजन कार्यालय के एक छोटे कर्मचारी अशोक यादव को जानबूझकर टाइपिंग विशेष बनाया गया।

जांच में हुई नियुक्ति में धांधली की पुष्टि
 
चकबंदी विभाग में धांधली करके 70 चपरासियों का प्रमोशन कर बाबू बनाने की शिकायत गोरखपुर के योगेंद्र सिंह ने मुख्यमंत्री से की तो उन्होंने इस मामले की जांच तत्कालीन एपीसी डा. प्रभात कुमार को सौंपी। जांच में गड़बड़ी को सही पाया गया। इन सबकी टाइपिंग परीक्षा दोबारा वीडियोग्राफी के साथ कराई गई तो सभी फेल हो गए। 

एपीसी प्रभात कुमार ने मामले को सही पाते हुए प्रमोशन कमेटी के अध्यक्ष अपर चकंबदी संचालक सुरेश सिंह यादव और तत्कालीन डीडीसी पीसीएस अधिकारी छोटेलाल मिश्र सहित चार अफसरों के खिलाफ हजरतगंज में एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए। साथ ही इनके निलंबन की सिफारिश की। बाकी अधिकारी विभागीय होने के कारण पहले ही निलंबित कर दिए गए। लेकिन आईएएस शारदा सिंह और पीसीएस अधिकारी छोटेलाल मिश्रा के निलंबन के लिए आरोपों सहित नियुक्ति एवं कार्मिक विभाग को प्रस्ताव भेजा गया जिसे मुख्यमंत्री की मंजूरी के लिए भेजा गया।

मुख्यमंत्री की मंजूरी के बाद आदर्श आचार संहिता लगे होने के कारण इनके निलंबन की अनुमति के लिए चुनाव आयोग भेजा गया। चुनाव आयोग से आईएएस शारदा सिंह के निलंबन की तो अभी अनुमति नहीं मिली है, लेकिन पीसीएस छोटेलाल मिश्र के निलंबन की अनुमति मिलने के बाद इनके निलंबन आदेश शुक्रवार को जारी कर दिए गए हैं।  

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:UP: PCS suspend to create clerks for 70 peons