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UP बटज सत्र: कन्या विद्याधन बंद करने के विरोध में सपा, कांग्रेस और बसपा का वॉकआउट

प्रदेश में गरीब बच्चों को कन्या विद्या धन देने की योजना बंद किए जाने के विरोध में मंगलवार को विपक्षी दलों ने विधानसभा की कार्यवाही का बहिष्कार किया। नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि यह मामला गरीब बच्चों की पढ़ाई से जुड़ा है लेकिन सरकार गरीबों को लेकर गंभीर नहीं है।

प्रश्न प्रहर में सपा के नितिन अग्रवाल ने जानना चाहा कि क्या सरकार कन्या विद्या धन योजना को बंद कर दिया है? अगर हां तो उसके क्या कारण हैं? क्या सरकार इसे फिर से शुरू करने की कोई योजना है? और हां तो कब तक? जवाब में संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि सपा की ही सरकार ने इसे वर्ष 2012-13 में लागू किया था। इसे वर्ष 2014 तक  जारी रखा। खुद सपा ने ही बाद में इसे बंद कर दिया और सिर्फ गरीब मेधावी बच्चों के लिए जारी रखा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा को लेकर पूरी तरह संवेदनशील है। इसके लिए बच्चों को मुफ्त में स्वेटर और जूते आदि दिए जा रहे हैं। सरकार ने इंतजाम किए हैं कि शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर रहे और परीक्षाओं में नकल पूरी तरह बंद हो जाए।

इस पर नितिन अग्रवाल ने कहा कि सरकार गलतबयानी कर रही है। सदन को गुमराह किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारी सपा सरकार ने बजट में 3000 करोड़ रुपये की व्यवस्था की थी। अब सरकार बच्चियों का भविष्य खराब कर रही है। गरीब बच्चों में से ही मेधावी छात्र निकलते हैं। वे ही देश में नाम करते हैं। सरकार गरीबों के लिए सजग नहीं है। बसपा के नेता लालजी वर्मा ने कहा कि गरीबों के लिए कोई योजना होनी चाहिए। क्या सरकार कोई नई योजना लाएगी। सपा के संजय गर्ग ने कहा कि इंटर के बाद उच्च शिक्षा में जाने वाली गरीब बच्चियों की संख्या में बड़ी गिरावट आ रही है। क्या सरकार कोई वैकल्पिक योजना लाएगी। इस पर नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी ने संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना की ओर इशारा करते हुए कहा कि वे विद्वान हैं चाहे जो कहें। उन्हें कहने का अधिकार भी है लेकिन गरीबों की बच्चियों की पढ़ाई का इंतजाम नहीं होगा तो क्या होगा? सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने इसी सदन में कहा था कि अगर किसी लड़की को पढ़ाई व शादी में दिक्कत होगी तो सरकार मदद करेगी। इस मुद्दे पर सरकार के जवाब से असंतुष्ट सपा सदस्य नारेबाजी करते हुए सदन से बाहर चले गए। इसी बीच बसपा ने भी वाकआउट कर दिया।

तभी कांग्रेस के अजय कुमार लल्लू ने भी इस मुद्दे पर अपनी बात रखी और सत्तापक्ष द्वारा टोका-टाकी करने और संतोषजनक जवाब न मिलने पर कांग्रेस सदस्यों ने भी सदन की कार्यवाही का बहिष्कार किया।

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  • Web Title:up budget session opposition party walkout