Lucknow News: आजादी क्वीज में हारुन, तिरंगा बनाने में सुहैल अव्वल
Lucknow News: देश को अंग्रेजों से आजाद कराने की जंग हिन्दुओं और मुसलमानों ने एकता और भाईचारे के साथ लड़ी। मौलाना नईमुर्रहमान ने जश्न-ए-आजादी पर विद्यार्थियों से कहा कि आजादी का सही मतलब सभी नागरिकों के समान अधिकार है। छात्रों के बीच झण्डा रोहण और प्रतियोगिताएँ भी आयोजित की गईं।

Lucknow News: देश को अंग्रेजों से आजाद कराने की जंग हिन्दुओं और मुसलमानों ने आपसी एकता, भाईचारे के साथ लड़ी। इसी वजह से कामयाबी मिली। उलमाक्राम ने फतवों और जिहाद के ऐलान के जरिए अवाम में जोश पैदा किया। देशवासियों ने जबरदस्त हिम्मत और बहादुरी के साथ जालिमों का मुकाबला किया। ये बातें प्रधानाचार्य दारूल उलूम फरंगी महल मौलाना नईमुर्रहमान ने कहीं। वह दारूल उलूम में जश्न-ए-आजादी के मौके पर विद्यार्थियों, अध्यापकों और गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति में झण्डा रोहण किया।
आजादी का महत्व
मौलाना ने कहा आज के दौर में आजादी का उचित अर्थ यह है कि देश के हर नागरिक के अधिकार सामान्य हों। उनको अपने मजहब व अकीदे पर अमल करने की आजादी हो। वह अपनी शैक्षिक योग्यता के आधार पर रोजगार और आर्थिक समस्याओं को हल करने में आजाद हो। झण्डा रोहण के बाद दारूल उलूम फरंगी महल और शाहीन एकेडमी के विद्यार्थियों के मध्य जंग-ए-आजादी तकरीरी मुकाबला का आयोजन किया गया। तिरंगा पेन्टिंग में सीनियर ग्रुप से हारून शादाब को पहला, मो फरहान को दूसरा और अरेब अहमद उस्मानी को तीसरा पुरस्कार मिला। जूनियर वर्ग में सुहैल अहमद को पहला, निशा बानो को दूसरा, और अब्दुर्रक़ीब को तीसरा जबकि आजादी क्वीज में सीनियर वर्ग से मो हारून शादाब को को पहला, मो उमर अली को दूसरा और मो दाऊद को तीसरा पुरस्कार दिया गया।


