
हर्षण और सर्वार्थ सिद्धि योग में मौनी अमावस्या कल
Lucknow News - लखनऊ, संवाददाता। माघ मास के कृष्ण पक्ष की अमावस्या मौनी अमावस्या या माघ अमावस्या
लखनऊ, संवाददाता। माघ मास के कृष्ण पक्ष की अमावस्या मौनी अमावस्या या माघ अमावस्या के रूप में मनाई जाती है। इस साल मौनी अमावस्या रविवार को पड़ रही है। ज्योतिषाचार्य एसएस नागपाल ने बताया कि माघ आमवस्या शनिवार की मध्य रात्रि 12:03 बजे से शुरू होकर 18 जनवरी की देर रात 01:21 बजे तक रहेगी। मौनी अमावस्या पर हर्षण और सर्वार्थ सिद्धि योग का संयोग बन रहे हैं। साथ ही शिववास योग का भी निर्माण हो रहा है। आचार्य आनंद दुबे ने बताया कि मौनी अमावस्या के दिन पूर्वाअषाढा नक्षत्र, चंद्रमा धनु राशि में और चार ग्रह सूर्य बुध शुक्र मंगल मकर राशि में संयोग बना रहे हैं।
अर्धोदय योग भी बनेगा। स्कंदपुराण में इस अर्धोदय योग को बहुत पुण्यदायी बताया गया है। इसमें स्नान दान आदि पुण्य कार्य करने से कई गुना अधिक फल की प्राप्ति होती है। इस दिन की गई पूजा और दान से राहु, केतु और शनि से संबंधित दोषों की शांति होती है। ज्योतिषाचार्य पं. रवि प्रकाश मिश्रा ने बताया कि इस दिन पवित्र नदियों में स्नान आदि कर पूरे दिन मौन रहकर उपवास करते हैं। भगवान विष्णु के साथ पीपल के पेड़ की पूजा की जाती है। मौनी अमावस्या के दिन मौन रहने और कटु शब्दों को न बोलने से मुनि पद की प्राप्ति होती है। तिल, तिल का तेल, आंवला, कंबल आदि वस्त्रों का दान करना चाहिए। साथ ही जिनकी कुंडली में पितृ दोष है। उनको पितरों को तर्पण आदि कर दान दक्षिणा करने से पितृ दोष से मुक्ति मिलती है।

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