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बेरोजगार हो गए पचास फीसदी चालक परिचालक

सिटी ट्रांसपोर्ट के कर्मियों ने दुबग्गा सिटी बस डिपो में बैठक की दिसम्बर माह में बसों की मरम्मत नहीं हुई तो जनवरी में आंदोलन करेंगे लखनऊ। कार्यालय संवाददातानगरीय परिवहन सेवा में तैनात चालक परिचालक पचास फीसदी बेरोजगार हो गए। वजह सिटी बसों की संख्या कम होने से ड्यूटी मिलना बंद हो गया। इससे परेशान ड्राइवर कंडक्टर नौकरी छोड़ अन्य रोजगार के तलाश में भटक रहे है। यह बातें शनिवार को दुबग्गा सिटी बस डिपो में सेंटल वर्कशाप कर्मचारी संघ की बैठक में मौजूद कर्मियों ने अपनी पीड़ा जाहिर की। सैकड़ों कर्मियों की मौजूदगी में डिपो में खड़ी बसों को दुरुस्त करने की चेतावनी सिटी बस प्रबंधन को दी। बैठक की अध्यक्षता कर रहे संघ के प्रांतीय महामंत्री जसवंत सिंह ने कहा कि में दिसम्बर माह में बसों की मरम्मत नहीं होने पर जनवरी माह में सिटी ट्रांसपोर्ट बंद कर देंगे। इसके लिए चाहे जितनी बड़ी लड़ाई क्यों ने लड़ना पड़े। संघ का मकसद है कर्मचारी हित। इनके खिलाफ खिलवाड़ बर्दास्त नहीं किया जाएगा। बैठक का संचालन क्षेत्रीय मंत्री राजकमल ने किया। इस दौरान दुबग्गा डिपो के शाखाध्यक्ष सर्वेश कुमार यादव भी मौजूद रहे। इन मांगों पर कार्य बहिष्कार करेंगे-17000 फिक्स वेतन पर पांच फीसदी अधिक यात्री लोड फैक्टर खत्म किया जाए। -पचास फीसदी बसों में टायर कलपुर्जे लगवाकर बसों का संचालन शुरू कराया जाए। -चालक परिचालक सहित कार्यशाला कर्मियों का बकाया व प्रति माह वेतन दिया जाए। -परिवहन निगम के तर्ज पर 14 हजार रुपये न्यनूतम वेतन का आदेश जारी किया जाए।

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  • Web Title:city bus