Hindi NewsUttar-pradesh NewsLucknow NewsAwareness Campaign for Environmental Protection Launched in Uttar Pradesh Schools
प्रदेश के 1.48 करोड़ विद्यार्थी बनेंगे पर्यावरण संरक्षण के संदेशवाहक

प्रदेश के 1.48 करोड़ विद्यार्थी बनेंगे पर्यावरण संरक्षण के संदेशवाहक

संक्षेप:

Lucknow News - लखनऊ में पर्यावरण संरक्षण के लिए जागरूकता अभियान शुरू किया गया है। 1.33 लाख परिषदीय विद्यालयों में पोस्टर और स्लोगन लेखन प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। 1.48 करोड़ विद्यार्थी इसमें भाग लेंगे। 16 जनवरी को विश्व आर्द्रभूमि दिवस पर, विद्यार्थियों को प्रकृति और पारंपरिक ज्ञान से जोड़ा जाएगा।

Jan 12, 2026 08:42 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, लखनऊ
share Share
Follow Us on

लखनऊ, प्रमुख संवाददाता। प्रदेशभर में पर्यावरण संरक्षण को लेकर व्यापक स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत प्रदेश के लगभग 1.33 लाख परिषदीय विद्यालयों में पोस्टर एवं स्लोगन लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। इस राज्यव्यापी अभियान में करीब 1.48 करोड़ विद्यार्थी सहभागी बनेंगे। 16 जनवरी को विश्व आर्द्रभूमि दिवस के अवसर पर परिषदीय विद्यालयों के करोड़ों विद्यार्थियों को प्रकृति और परंपरागत ज्ञान से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री संदीप सिंह ने बताया कि नई पीढ़ी में जिम्मेदारी और संवेदनशीलता का भाव कैसे विकसित हो इसके लिए विद्यार्थियों की रचनात्मकता को मंच देने के साथ-साथ उन्हें आर्द्रभूमियों के संरक्षण के महत्व से भी अवगत कराया जाएगा।

प्यार से लेकर प्रमोशन तक 2026 का पूरा हाल जानें ✨अभी पढ़ें

इसमें पोस्टर और स्लोगन के माध्यम से छात्र पर्यावरण संरक्षण का संदेश समाज तक पहुँचाने में सहभागी बनेंगे। कक्षा 6 से 8 तक के विद्यार्थियों के लिए पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा जबकि कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए स्लोगन लेखन प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। पोस्टर एवं स्लोगन ए-3 साइज की ड्राइंग शीट पर तैयार किए जाएंगे, जिसमें विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार के रंगों के प्रयोग की अनुमति होगी। विद्यालय स्तर पर आयोजित प्रतियोगिताओं की जानकारी एवं चयनित प्रविष्टियों को मिशन लाइफ पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों को आर्द्रभूमियों के संरक्षण, पर्यावरणीय संतुलन, पारंपरिक ज्ञान और सांस्कृतिक विरासत के महत्व से जोड़ना है। चयनित पोस्टर एवं स्लोगन को निर्धारित समय सीमा के भीतर राष्ट्रीय प्राकृतिक विज्ञान संग्रहालय, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, नई दिल्ली भेजा जाएगा। राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम, द्वितीय, तृतीय तथा 10 प्रोत्साहन पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। इस संबंध में स्कूल शिक्षा की महानिदेशक मोनिका रानी ने बताया कि परिषदीय विद्यालयों में आयोजित की जा रही यह प्रतियोगिता विद्यार्थियों की रचनात्मकता को मंच देने के साथ-साथ उन्हें आर्द्रभूमियों के संरक्षण के महत्व से भी अवगत कराएगी।