पति प्राइमरी, पत्नी इंटर कॉलेज में टीचर, रात में करते लूटपाट, लखनऊ में चौंकाने वाला खुलासा
लखनऊ में एक सर्राफ से 5 लाख रुपये की लूट के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। वारदात को अंजाम देने वाले कोई पेशेवर अपराधी नहीं, बल्कि एक शिक्षक दंपति और उनका सहयोगी है। आरोपी महिला लखनऊ के प्रतिष्ठित इंटर कॉलेज और पति बदायूं में प्राथमिक विद्यालय का निलंबित शिक्षक है।

UP News: लखनऊ के माल थाना क्षेत्र में जेहटा मार्ग काकराबाद में सर्राफ सुभाष चंद्र मौर्या और उनकी पत्नी से पांच लाख की लूट कालीचरण इंटर कॉलेज की शिक्षिका और बदायूं के प्राथमिक विद्यालय में तैनात उसके पति ने की थी। वारदात में शिक्षक का भाई भी शामिल था। यह चौंकाने वाला खुलासा पुलिस की तफ्तीश में हुआ। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से 29 हजार रुपये, कुछ जेवर, आठ मोबाइल और वारदात में प्रयुक्त एसयूवी बरामद की है। 1.90 लाख रुपये बैंक में जमा करने की पर्चियां भी मिली हैं।
पुलिस उपायुक्त उत्तरी के मुताबिक गिरफ्तार लुटेरों में गोलागंज निवासी शिक्षिका दानिशा फातिमा, उसका पति शिक्षक मो. अफसर और देवर मो. अजमल हैं। ये मूल रूप से संतकबीरनगर जनपद के मेहंदावल गुलरिया में कसौना खुर्द गांव के रहने वाले हैं। यह लोग रात में अपन गाड़ी से निकलते और लूटपाट के साथ ठगी करते थे।
ऐसे हुआ खुलासा
डीसीपी ने बताया कि काकोरी के कुशमौरा निवासी सुभाष चंद्र मौर्य ने पांच लाख रुपये की लूट का मुकदमा दर्ज कराया था। सुभाष ने बताया था कि उनकी समर ज्वैलर्स के नाम से दुकान है। पांच अप्रैल को वह पत्नी मिथलेश के साथ स्कूटी से पांच लाख रुपये लेकर चौक सर्राफा बाजार जेवर लेने जा रहे थे। इसी बीच उनके पास महिला शिक्षिका का फोन आया। उसने कम कीमत में जेवर मुहैया कराने की बात कही तो पत्नी के साथ रुपये लेकर जेहटा रोड पर पहुंचे।
वहां एसयूवी सवार दानिशा फातिमा, मो. अफसर और उनका साला अजमल मिला। उन्होंने सोने का एक टुकड़ा दिखाया। फिर कुछ अन्य जेवर दिखाए। कुछ आशंका होने पर जेवर लेने से मना कर दिया। सुभाष ने बताया कि जैसे ही वे आगे बढ़े तो कार सवार आरोपियों ने झपट्टा मार कर रुपये का बैग लूट लिया। शोर मचाने पर जान से मारने की धमकी देते हुए एसयूवी से भाग निकले।
घटना की जानकारी होने पर एसीपी मलिहाबाद सुजीत कुमार दुबे के निर्देशन में क्राइम और थाने की टीम को घटना के खुलासे के लिए लगाया गया। पुलिस टीम ने सर्विलांस और सीसी फुटेज से साक्ष्य संकलन किए। तीनों के बारे में जानकारी हुई। इसके बाद दानिशा, उसके पति और देवर को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपियों के पास से सोने के दो कंगन, 29 हजार रुपये, 1.90 लाख रुपये बैंक में जमा करने की पर्चियां, 16 सिमकार्ड और कुछ नकली जेवर के अलावा एसयूवी बरामद की गई है।
दो माह से नहीं जा रही शिक्षिका, पति छह माह पूर्व निलंबित
एसीपी सुजीत कुमार दुबे ने बताया कि दानिशा फातिमा कालीचरण इंटर कॉलेज में ऊर्दू की शिक्षिका है। वहीं, मो. अफसर बदायूं के एक प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक था। दानिशा दो माह से विद्यालय नहीं जा रहा है। वहीं, अफसर छह माह पूर्व किसी मामले में निलंबित हुआ था। उसके बाद से दोनों ठगी और टप्पेबाजी की घटनाएं कर रहे थे। अफसर के खिलाफ विभिन्न जिलों में कई मुकदमे दर्ज हैं।
लोन चुकाने के लिए कर रहे थे लूट और टप्पेबाजी
एसीपी के मुताबिक लुटेरे शिक्षक दंपति ने पूछताछ में बताया कि उन्होंने 50 लाख रुपये लोन लिया था। फाइनेंस कंपनी के लोग लोन चुकाने का दबाव बना रहे थे। इसके लिए टप्पेबाजी और लूट कर रहे थे।
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लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव लाइव हिन्दुस्तान में पिछले छह वर्षों से यूपी सेक्शन को देख रहे हैं। यूपी की राजनीति, क्राइम और करेंट अफेयर से जुड़ी खबरों को कवर करने की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। यूपी की राजनीतिक खबरों के साथ क्राइम की खबरों पर खास पकड़ रखते हैं। यूपी में हो रहे विकास कार्यों, शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में आ रहे बदलाव के साथ यहां की मूलभूत समस्याओं पर गहरी नजर रखते हैं।
पत्रकारिता में दो दशक का लंबा अनुभव रखने वाले योगेश ने डिजिटल से पहले प्रिंट में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई। लम्बे समय तक हिन्दुस्तान वाराणसी में सिटी और पूर्वांचल के नौ जिलों की अपकंट्री टीम को लीड किया है। वाराणसी से पहले चड़ीगढ़ और प्रयागराज हिन्दुस्तान को लांच कराने वाली टीम में शामिल रहे। प्रयागराज की सिटी टीम का नेतृत्व भी किया।
बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से बीकॉम में ग्रेजुएट और बनारस की ही काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट योगेश ने कई स्पेशल प्रोजेक्ट पर काम भी किया है। राष्ट्रीय नेताओं के दौरों को कवर करते हुए उनके इंटरव्यू किये। नेताजी सुभाष चंद्र बोस की मौत से जुड़े रहस्यों पर हिन्दुस्तान के लिए सीरीज भी लिख चुके हैं।


