Sunday, January 23, 2022
हमें फॉलो करें :

मल्टीमीडिया

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

हिंदी न्यूज़ उत्तर प्रदेश लखीमपुरखीरीतिकुनिया कांड: तीन आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज

तिकुनिया कांड: तीन आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज

हिन्दुस्तान टीम,लखीमपुरखीरीNewswrap
Wed, 01 Dec 2021 03:22 AM
तिकुनिया कांड: तीन आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज

लखीमपुर-खीरी।

तिकुनिया कांड के तीन आरोपियों की जमानत अर्जी पर मंगलवार को जिला जज की अदालत में सुनवाई हुई। जिला जज मुकेश मिश्रा ने तीनों आरोपियों रिंकू राना, धर्मेंद्र बंजारा और उल्लास त्रिवेदी उर्फ मोहित त्रिवेदी की जमानत पर सुनवाई के बाद अर्जी खारिज कर दी। मुख्य आरोपी आशीष मिश्रा समेत तीन की जमानत अर्जी पहले ही जिला जज मुकेश मिश्रा निरस्त कर चुके हैं।

तीन अक्तूबर को हुए तिकुनिया कांड में चार किसान, एक पत्रकार समेत आठ लोग मारे गए थे। किसानों की मौत के मामले की एफआईआर जगजीत सिंह ने दर्ज कराते हुए केंद्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्रा समेत 15 -20 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया था। इस मामले में जांच टीम ने मुख्य आरोपी आशीष मिश्रा समेत 13 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। इसी मामले में आरोपी उल्लास त्रिवेदी उर्फ मोहित, रिंकू राना और धर्मेंद्र बंजारा को 23 अक्तूबर को गिरफ़्तार कर जेल भेजा था। इन तीनों आरोपियों ने दो नवम्बर को सीजेएम कोर्ट में अपनी जमानत अर्जी दाखिल की थी। अर्जी पर सुनवाई के बाद सीजेएम चिंताराम ने खारिज कर दिया था। इसके बाद आरोपियों ने आठ नवम्बर को जिला जज की कोर्ट में अपनी जमानत अर्जी दाखिल की थी। इस पर मंगलवार को सुनवाई हुई। जिला जज मुकेश मिश्रा ने अभियोजन की तरफ से डीजीसी अरविंद त्रिपाठी और आरोपियों की तरफ से उनके अधिवक्ता की दलीलें सुनने के बाद अपराध को गम्भीर मानते हुए तीनों आरोपियों की जमानत अर्जी निरस्त कर दी।

स्कार्पियो में सवार थे तीनों आरोपी

-डीजीसी अरविंद त्रिपाठी ने कोर्ट में दलील देते हुए बताया कि विवेचना के दौरान आरोपी शिशुपाल ने बयान दिया है कि घटना के दौरान वह स्कॉर्पियो गाड़ी चला रहा था और आरोपी रिंकू राना, उल्लास त्रिवेदी उर्फ मोहित और धर्मेंद्र बंजारा तीनों उसी गाड़ी में सवार थे। इसके अलावा उन्होंने बताया कि आरोपी उल्लास त्रिवेदी उर्फ मोहित त्रिवेदी का आपराधिक इतिहास भी है। उसके खिलाफ थाना सिंगाही में दो आपराधिक मुकदमें दर्ज हैं।

आरोपियों की नहीं कराई गई शिनाख्त

-आरोपियों के अधिवक्ता राम आशीष मिश्र ने कोर्ट में दलील देते हुए कहा कि आरोपियों को निर्दोष फंसाया गया है। पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद आरोपियों की कोई शिनाख्त नहीं करवाई। आरोपी मौके पर ही नहीं थे। आरोपियों को जमानत पर छोड़ दिया जाए। वह जमानत का दुरुपयोग नहीं करेंगे।

मृतक पत्रकार के भाई की अर्जी पर सुनवाई आज

लखीमपुर-खीरी।

केंद्रीय मंत्री समेत चौदह लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए सीजेएम कोर्ट में दी गयी अर्जी पर बुधवार को सुनवाई होगी। तिकोनिया बवाल में मारे गए पत्रकार रमन कश्यप के भाई पवन कश्यप ने केंद्रीय मंत्री समेत चौदह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए 156(3) दण्ड संहिता के तहत 9 नवम्बर को सीजेएम कोर्ट में अर्जी दी थी। जिसपर तिकुनिया कोतवाली से आख्या तलब करते हुए सीजेएम चिंताराम ने सुनवाई के लिए 15 नवम्बर की तारीख तय की थी। लेकिन तिकुनिया पुलिस की आख्या न आने की वजह से 15 नवम्बर को सुनवाई नहीं हो सकी और सीजेएम चिंताराम ने सुनवाई के लिए 25 नवम्बर की तारीख नियत की थी। गुरुवार को तिकुनिया पुलिस ने अपनी आख्या भेज दी। लेकिन पवन कश्यप के अधिवक्ता ने बहस के लिए समय मांगा। इस पर कोर्ट ने सुनवाई के लिए एक दिसम्बर की तारीख नियत की थी।

वरिष्ठ अभियोजन अधिकारी ने बताया कि पुलिस की आख्या आ गयी है। पुलिस रमन कश्यप की मौत के मामले की भी जांच और विवेचना किसानों की मौत वाले मुकदमा संख्या 219 में कर रही है। इसलिए रमन कश्यप की मौत की अलग से एफआईआर दर्ज किए जाने की कोई जरूरत नही है। इसके अलावा यह अर्जी वैसे भी सीजेएम कोर्ट में नहीं पड़नी चाहिए थी। सांसदों और विधायकों के खिलाफ मामलों की सुनवाई विशेष अदालत एडीजे तृतीय की कोर्ट में होनी चाहिये।

सुमित जायसवाल की जमानत पर सुनवाई आज

लखीमपुर-खीरी। तिकुनिया कांड के 13 आरोपियों में से एक सुमित जायसवाल की जमानत अर्जी पर जिला एवं सत्र न्यायालय में बुधवार को सुनवाई होगी। सुमित जायसवाल ने 20 नवम्बर को जिला जज की अदालत में अपनी जमानत अर्जी लगाई थी जिस पर जिला जज मुकेश मिश्रा ने एक दिसम्बर की तारीख सुनवाई के लिए तय की थी और अभियोजन पक्ष को केस डायरी व अन्य अभिलेखों के साथ पेश होने के निर्देश दिए थे। इससे पहले सुमित जायसवाल की जमानत सीजेएम कोर्ट से दो नवम्बर को खारिज हो चुकी है।

epaper

संबंधित खबरें