सीमावर्ती भारतीय व्यापारियों ने नेपाल सरकार के आदेश का किया विरोध

Newswrap हिन्दुस्तान, लखीमपुरखीरी
share

Lakhimpur-khiri News - नगर व्यापार मंडल ने नेपाल सरकार के निर्णय का विरोध किया है, जिसमें भारतीय बाजारों से 100 रुपये से अधिक का सामान ले जाने पर रोक लगाई गई है। व्यापारियों का कहना है कि यह निर्णय उनके कारोबार को प्रभावित कर रहा है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर रोक नहीं हटाई गई, तो बड़ा आंदोलन होगा।

सीमावर्ती भारतीय व्यापारियों ने नेपाल सरकार के आदेश का किया विरोध

नगर व्यापार मंडल ने मंगलवार को नेपाल सरकार द्वारा भारतीय बाजारों से सामान ले जाने पर लगाई गई रोक के खिलाफ एक बैठक कर कड़ा विरोध दर्ज किया है। नेपाल सरकार नें अपने नागरिकों को भारतीय बाजारों से 100 रूपये से अधिक का सामान ले जाने से रोकने के फैसले को स्थानीय व्यापारियों ने सौतेला व्यवहार बताया है। सीमावर्ती क्षेत्र के पलिया, बनगवां, सूंडा व चंदनचौकी के तमाम व्यापारियों ने नगर के सामान्य वैश्य धर्मशाला में एक बैठक की। बैठक की अध्यक्षता गौरव गुप्ता नगर व्यापार मंडल पलिया में करते हुए कहा कि इस फैसले से सीमावर्ती व्यापारियों का कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

व्यापारियों ने बताया कि सीमावर्ती भारतीय बाजार पूरी तरह नेपाली ग्राहकों पर निर्भर हैं। वर्षों से नेपाली नागरिक भारतीय बाजारों से दैनिक उपयोग की वस्तुएं और खाद्य सामग्री खरीदते रहे हैं, जिससे सीमावर्ती क्षेत्रों का व्यापार चलता था। अब बालेन शाह सरकार बनने के बाद भारतीय बाजारों से सामान खरीदने पर सख्ती बढ़ा दी गई है। नेपाली सरकार नागरिकों को भारतीय बाजारों से 100 रुपये से अधिक का सामान ले जाने की अनुमति नहीं दे रही है। यदि किसी के पास इससे अधिक कीमत का सामान मिलता है, तो उसे जब्त कर लिया जाता है। भारतीय व्यापारियों ने नेपाल सरकार से इस फैसले से रोक हटाने की मांग की है और चेतावनी दी है कि ऐसा न होने पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान व्यापारी राघवेन्द्र दीक्षित, पुष्पराज, सुनील कुमार, सुमित गुप्ता, ट्रांसपोर्टर संजय बराती, घनश्याम गुप्ता, सुरेश कुमार व रामदरस मौजूद रहे।

Voice of UP
Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।