Kushinagar News: नोटिस का जवाब संतोषजनक नहीं, सच्चिदानंद हॉस्पिटल की होगी वृहद जांच
Kushinagar News: कुशीनगर में सच्चिदानंद हॉस्पिटल में नवजात की मौत के मामले में अस्पताल की जांच की जाएगी। सीएमओ के नोटिस का जवाब संतोषजनक नहीं था। डीएम ने विस्तृत जांच के निर्देश दिए हैं, और चार सदस्यीय विशेषज्ञ टीम का गठन किया गया है। टीम तीन कार्यदिवस में जांच निपटाएगी।
Kushinagar News: कुशीनगर, मिथिलेश द्विवेदी। कप्तानगंज के सच्चिदानंद हॉस्पिटल में बीते दिनों नवजात की मौत के मामले में अब अस्पताल की वृहद जांच होगी। अस्पताल प्रबंधन को सीएमओ की ओर से जारी नोटिस के जवाब को स्वास्थ्य विभाग ने संतोषजनक नहीं माना है। प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए डीएम महेंद्र सिंह तंवर ने अस्पताल की विस्तृत जांच के निर्देश दिए हैं। इसके बाद सीएमओ डॉ. चंद्रप्रकाश ने विशेषज्ञों की चार सदस्यीय टीम गठित की है।
नवजात की मौत का मामला
दरअसल, बीते दिनों सच्चिदानंद हॉस्पिटल में एक नवजात की मौत के बाद परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की थी। परिजन करीब आठ घंटे तक अस्पताल के बाहर कार्रवाई की मांग को लेकर अड़े रहे। मौके पर पहुंचे डिप्टी सीएमओ डॉ. आरडी कुशवाहा और पुलिस ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन परिजन सच्चिदानंद हॉस्पिटल को सील करने और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग पर कायम रहे। बाद में परिजन नवजात का शव लेकर करीब 32 किलोमीटर दूर जिला मुख्यालय के लिए पैदल निकल पड़े थे।
जांच की प्रक्रिया
मेहंदीगंज चौराहे पर एडीएम न्यायिक ने भी उन्हें समझाने का प्रयास किया था। पडरौना पहुंचने के बाद एडीएम और पुलिस प्रशासन ने कार्रवाई का भरोसा देकर उन्हें शांत कराया था। दूसरी तरफ मामले में डीएम के निर्देश पर मजिस्ट्रेट स्तर की जांच भी गठित की गई। सीएमओ ने अस्पताल को नोटिस देते हुए सात दिनों के भीतर जवाब तलब किया था। अस्पताल की ओर से नोटिस का जवाब दिया गया है, लेकिन संतोषजनक नहीं होने के कारण अब विभाग ने मामले की क्लिनिकल जांच का निर्णय लिया है। सीएमओ की ओर से गठित टीम में दो बाल रोग विशेषज्ञ, एक महिला चिकित्सक और एक डिप्टी सीएमओ को शामिल किया गया है।
टीम की भूमिका
टीम तीन कार्यदिवस के भीतर सच्चिदानंद हॉस्पिटल पहुंचकर जांच करेगी। इसमें अस्पताल में भर्ती जच्चा-बच्चा को दिए जा रहे उपचार की प्रक्रिया, इलाज के तरीके और उसकी चिकित्सकीय उपयुक्तता की पड़ताल की जाएगी। टीम अस्पताल में उपचार से जुड़े मानकों की भी जांच करेगी। स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर के तहत निर्धारित प्रोटोकॉल का पालन हो रहा है या नहीं, इसे भी देखा जाएगा। इसके साथ ही अस्पताल प्रबंधन की ओर से नोटिस के जवाब में दी गई जानकारी और मौके पर मिली वस्तुस्थिति का मिलान किया जाएगा।
जांच की समय सीमा
उपचार संबंधी अभिलेखों और अन्य जरूरी दस्तावेजों की भी जांच की जाएगी। सीएमओ डॉ. चंद्रप्रकाश ने बताया कि गठित टीम सोमवार तक अपनी जांच रिपोर्ट डीएम को सौंप देगी। रिपोर्ट के आधार पर क्लिनिकल एस्टेब्लिशमेंट एक्ट-2010 के तहत आगे की आवश्यक कार्रवाई तय की जाएगी।


