रामलीला मैदान का सामुदायिक शौचालय बदहाल
Kausambi News - नगर पंचायत सरायअकिल के सामुदायिक शौचालय की स्थिति अत्यंत खराब हो गई है। 2020 में निर्मित इस शौचालय में सफाई की कमी और देखरेख के अभाव में गंदगी का अंबार लग गया है। महिला सुरक्षा को लेकर भी चिंता व्यक्त की जा रही है। स्थानीय नागरिकों ने इस समस्या के समाधान की मांग की है।

नगर पंचायत सरायअकिल के रामलीला मैदान में स्थित सामुदायिक शौचालय की स्थिति अत्यंत दयनीय हो गई है। वर्ष 2020 में निर्मित यह शौचालय वर्तमान में जर्जर होकर उपयोग के लायक नहीं रह गया है। इससे स्थानीय लोगों के साथ-साथ बाजार आने वाली महिला व पुरुषों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सामुदायिक शौचालय का निर्माण होने के बाद स्थानीय लोगों के साथ-साथ बाजार आने वाले लोगों को शौच आदि की समस्या का सामना नहीं करना पड़ रहा था। देखरेख के आभाव में यहां पर गंदगी का अंबार लग गया है तो लोगों ने प्रयोग में लाना भी बंद कर दिया है।
शौचालय परिसर में चारों ओर गंदगी फैली हुई है। दरवाजे टूटे हुए हैं। साफ-सफाई और नियमित देखरेख के अभाव में यह शौचालय खंडहर होता जा रहा है। जिम्मेदार हैं कि लाखों की लागत से बने शौचालय व लोगों की परेशानी को लेकर तनिक भी संजीदा नहीं हैं।-------------आउटसोर्सिंग कर्मचारियों पर भी उठे सवालनगर पंचायत में कोटे से अधिक आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की तैनाती है। बावजूद इसके सामुदायिक शौचालय स्थल पर एक भी कर्मचारी की उपस्थिति नहीं रहती है। इसके चलते सफाई व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त नजर आ रही है। इससे आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।---------------महिला सुरक्षा को लेकर भी चिंतासामुदायिक शौचालय में महिलाओं के लिए सुरक्षित एवं व्यवस्थित उपयोग की सुविधा का अभाव है। टूटी-फूटी संरचना और खुले दरवाजे महिला सुरक्षा के दृष्टिकोण से गंभीर चिंता का विषय बने हुए हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि लाखों रुपये की लागत से निर्मित इस शौचालय की अनदेखी सरकारी धन के दुरुपयोग की ओर संकेत करती है।------------बोले लोग-सरायअकिल बहुत बड़ा कस्बा है। यहां पर दूरदराज से लोग बाजार करने आते हैं। इस दौरान शौच का एहसास होने पर शौचालय की दुर्दशा के चलते उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ता है। शौचालय का सही होना बेहद जरूरी है, जिससे जरूरतमंद लोगों को लाभ मिल सके।-रवींद्र जायसवालशौचालय परिसर के बाहर व अंदर गंदगी का अम्बार लगा हुआ है। शौचालय के बाहर कूड़े, कचरे और गंदगी का ढेर यह बयां कर रहा है कि इसकी देखरेख किस स्तर की है। गंदगी के चलते कोई भी इसका प्रयोग नहीं कर रहा है। इससे लोगों को परेशानी हो रही है।-चित्रांश केसरवानीसामुदायिक शौचालय निर्माण के बाद स्थानीय लोगों के अलावा बाजार आने-जाने वाले लोगों को शौच की समस्या का सामना नहीं करना पड़ता था। देखरेख के आभाव में सामुदायिक शौचालय गंदगी से पट चुका है। जिम्मेदारों को संज्ञान में लेते हुए खामियों को दूर करा देना चाहिए।-उत्कर्ष रस्तोगीशौचालय की स्थिति बेहद खराब है। गंदगी के चलते कई महीनों से कोई भी व्यक्ति इसका उपयोग नहीं कर रहा है। नगर पंचायत के सफाई कर्मचारी भी इसकी अनदेखी कर रहे हैं जिसके कारण चारों ओर गंदगी का अंबार लग चुका है।-मानस सोनीशौचालय का निरीक्षण किया गया तो वहां गंदगी दिखी। ईओ से वार्ता कर सफाई कराने के लिए कहा जाएगा। जल्द समस्या का निराकरण नहीं कराया गया तो मुद्दे को लेकर जन आंदोलन किया जाएगा तथा संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय कराई जाएगी।-तनिष्क जायसवाल
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