यूपी में निवेश के नाम पर करोड़ों की ठगी, बरेली में कैनविज एमडी समेत तीन पर मुकदमा
बरेली में कैनविज कंपनी के एमडी कन्हैया गुलाटी समेत तीन लोगों पर ठगी का मुकदमा दर्ज किया गया है। दिल्ली में रहने वाले सीआरपीएफ के रिटायर जवान ने आरोप लगाया है कि उसे निवेश में अच्छे मुनाफे का झांसा दिया गया।
यूपी के बरेली में कैनविज कंपनी के एमडी कन्हैया गुलाटी समेत तीन लोगों पर ठगी का मुकदमा दर्ज किया गया है। दिल्ली में रहने वाले सीआरपीएफ के रिटायर जवान ने आरोप लगाया है कि उसे निवेश में अच्छे मुनाफे का झांसा दिया गया। उसने अपने 60-70 परिचितों का भी कंपनी में निवेश कराया। कुछ माह तक तो कंपनी की तरफ से उनको मुनाफा मिला, फिर कंपनी के अधिकारियों ने टालमटोल शुरू कर दी। उसकी तहरीर पर बारादरी थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
दिल्ली में रहने वाले ओंकार नाथ ने सीआरपीएफ से वीआरएस ले लिया है। उनके मुताबिक, उनकी मुलाकात दिल्ली में आयोजित एक सेमिनार के दौरान कैनविज कंपनी के प्रतिनिधि प्रमोद सिंह परिहार और कंपनी के एमडी कन्हैया गुलाटी से हुई थी। दोनों ने उस दौरान निवेशकों कई स्कीम बताई। उनको बताया गया कि कंपनी में निवेश करने पर 20 महीने तक 5 प्रतिशत मासिक ब्याज दिया जाएगा और 22वें महीने में मूल धन भी वापस हो जाएगा। भरोसा दिलाने के लिए कंपनी के अधिकारियों ने चेक व स्टाम्प पेपर पर समझौता भी किया था। उनकी बात में आकर वह निवेश के लिए तैयार हो गए। उन्होंने कंपनी में आरटीजीएस और आनलाइन ट्रांजक्शन के जरिये निवेश किया था।
उनके अलावा 60-70 लोग और भी इस योजना में शामिल हुए थे। इसमें कई ने लोन लेकर तो कई लोगों ने जीवनभर की जमा पूंजी लगाकर निवेश किया। शुरूआती महीनों में तो कंपनी की तरफ से नियमित भुगतान हुआ जिससे उन लोगों का भरोसा बढ़ा। लेकिन बाद में कंपनी ने भुगतान रोक दिया। सॉफ्टवेयर अपडेट व तकनीकी समस्या बताकर टालने लगे और बाद में पूरी तरह भुगतान रोक लिया। कंपनी के अधिकारियों ने फोन उठाना भी बंद कर दिया। ओंकाननाथ की तहरीर पर एमडी कन्हैया गुलाटी, फाउंडर प्रमोद सिंह परिहार और डायरेक्टर आशीष महाजन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले की जांच उप-निरीक्षक जितेंद्र कुमार को सौंपी गई है।





