DA Image
हिंदी न्यूज़ › उत्तर प्रदेश › कानपुर › कानपुर के ड्राइवर का मुख्य हत्यारोपित रिटायर नेवीकर्मी का बेटा निकला
कानपुर

कानपुर के ड्राइवर का मुख्य हत्यारोपित रिटायर नेवीकर्मी का बेटा निकला

हिन्दुस्तान टीम,कानपुरPublished By: Newswrap
Sun, 04 Jul 2021 09:11 PM
कानपुर के ड्राइवर का मुख्य हत्यारोपित रिटायर नेवीकर्मी का बेटा निकला

कानपुर। संवाददाता

कानपुर सेंट्रल स्टेशन से कार बुक कराकर मेरठ में चालक दीपक की हत्या कर कार लूटने का मुख्य आरोपित हिमांशु गुप्ता कन्नौज के तिर्वा निवासी रिटायर नेवीकर्मी का बेटा निकला। वह खुद एक इंजीनियरिंग कॉलेज में कैंटीन चलाता था। रविवार शाम पुलिस ने हिमांशु व उसके साथी सौरभ सोनी को कोर्ट में पेश किया जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया। पुलिस ने पूर्व में दर्ज अमानत में खयानत के मुकदमे को अपहरण, हत्या, साक्ष्य मिटाने, लूट व माल बरामदगी की धाराओं में तरमीम किया है।

सेंट्रल स्टेशन की पार्किंग से 28 जून को कन्नौज के तिर्वा इंदिरा नगर निवासी हिमांशु गुप्ता ने दिल्ली के लिए टैक्सी कार बुक की थी। अगले दिन तड़के आरोपित ने साथी सौरभ सोनी के साथ मिलकर विनायकपुर निवासी कार चालक दीपक उर्फ लकी को बेहोश करने के बाद गला कसर ईंट से कूंचकर हत्या कर दी थी। पुलिस ने बहाने से दोनों को शहर बुलाकर उन्हें गिरफ्तार कर लिया था।

हरबंशमोहाल इंस्पेक्टर सत्यदेव शर्मा ने बताया कि हिमांशु के ताऊ शिक्षा विभाग में थे जबकि पिता नेवी से रिटायर हैं। हिमांशु एक इंजीनियरिंग कॉलेज में कैंटीन चलाता था। कोरोना काल में कैंटीन बंद होने के कारण वह आर्थिक तंगी से गुजर रहा था। उसकी गलत हरकतों से पिता ने भी दूरी बना ली थी। उसने रुपये कमाने के लिए लूट व हत्या और हत्या की साजिश रची। उसने यह भी बताया कि कार लूटकर दिल्ली के बाजार में उसे बेचने का सुझाव तिर्वा निवासी एक दोस्त ने दिया था।

सिर पर मिलीं आधा दर्जन चोटें

पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार दीपक के सिर व माथे पर ईंट-पत्थरों के आधा दर्जन से अधिक वार हैं, जिससे सिर की हड्डी टूट गई और कोमा में जाने से उसकी मौत हो गई। आरोपितों ने बताया कि एक्सप्रेस-वे से आगे जेवर में उन्होंने दीपक को चाय में नशीली गोली मिलाकर पिला दी थी। इससे वह बेहोश हो गया जिसके बाद सौरभ ने कार चलाई और सुनसान जगह पर पहले दीपक का गला कसा और फिर सिर और माथे पर वार करके हत्या कर दी।

गर्लफ्रैंड के अपहरण में गया था जेल

इंस्पेक्टर ने बताया कि मेरठ के जागृति विहार में रहने वाली गर्लफ्रैंड को मार्च में हिमांशु झांसी से शहर ले आया था। दोनों घंटाघर के होटल में रुके थे। युवती के परिजन झांसी आए तो बेटी को न पाकर उसे फोन किया। इस पर उसने अपने अपहरण की बात कही तो परिजनों ने झांसी के नवाबाद थाने में अपहरण व धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने हिमांशु को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

संबंधित खबरें