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जौनपुरमूल्यपरक शिक्षा की परिकल्पना संभव

हिन्दुस्तान टीम,जौनपुरPublished By: Newswrap
Tue, 01 Jun 2021 03:11 AM
मूल्यपरक शिक्षा की परिकल्पना संभव

जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के प्रोफेसर राजेन्द्र सिंह (रज्जू भईया) भौतिकीय विज्ञान अध्ययन एवं शोध संस्थान के द्वारा “नई शिक्षा नीति 2020 के परिप्रेक्ष्य में शिक्षा की भूमिका” विषय पर एक दिवसीय वेबिनार का आयोजन किया गया। गोष्ठी में राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान, हैदराबादके क्षेत्रीय निदेशक डॉ आलोक कुमार गुप्ता मुख्य वक्ता रहे। वेबिनार मे देश के विभिन्न प्रांतों के एक सौ विद्वानों तथा छात्रों ने प्रतिभाग किया। सर्वप्रथम रज्जू भइया संस्थान के निदेशक प्रो. देवराज सिंह ने सभी अतिथियों व प्रतिभागियों का स्वागत किया। तत्पश्चात, पूर्वांचल विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो निर्मला एस मौर्य ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी प्रतिभागियों को मूल्यपरक शिक्षा के बारे में विस्तार से बताया। कहा कि शिक्षकों व छात्र-छात्राओं की सहभागिता से ही मूल्यपरक शिक्षा की परिकल्पना संभव हो सकती है।

मुख्य वक्ता डॉ आलोक कुमार गुप्ता ने नई शिक्षा नीति 2020 के विभिन्न पहलुओं को रखा। डॉ गुप्ता कहा की प्रारम्भिक शिक्षा मातृ भाषा में होने तथा मल्टीपल एंट्री और एग्ज़िट सिस्टम के होने का लाभ समाज के सभी तबकों के छात्रों को मिलेगा। साथ ही साथ नए कोर्स स्ट्रक्चर तथा नेशनल रिसर्च फ़ाउंडेशन से नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के अनेक शिक्षकों प्रो मानस पाण्डेय, प्रो अविनाश डी. पाथर्डीकर, प्रो. अशोक कुमार श्रीवास्तव, डॉ.मनोज मिश्र, डॉ.गिरिधर मिश्रा, डॉ. प्रमोद कुमार यादव, डॉ. पुनीत धवन, डॉ. आलोक दास, डॉ. अन्नू त्यागी, डॉ. रमांशु सिंह, शक्ति सिंह आदि ने प्रतिभाग किया। संचालन तथा संयोजन डॉ. धीरेन्द्र कुमार चौधरी ने किया। बताते चले की कार्यक्रम में देश के अन्य प्रांतों जैसे दिल्ली, महाराष्ट्र, तमिलनाडु, केरल, उड़ीसा आदि से शिक्षाविदों ने भी प्रतिभाग किया।

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