गोंडा में सीनियर मैनेजर से प्रधान रोकड़िया तक फंसे, 69 बैंक वालों पर नामजद FIR
दर्ज मुकदमे में आरोप है कि 1997 से 2020 तक बैंक के प्रधान शाखा गोंडा में तैनात रहे कर्मचारियों ने मनमाने ढंग से फर्जी लोन वितरण, दस्तावेजों में हेराफेरी की। शिकायतकर्ता के मुताबिक मूल गबन 3.60 करोड़ रुपये का है। ब्याज समेत यह राशि 4 करोड़ 90 लाख 8 हजार 373 रुपये से अधिक हो जाती है।

UP News : इंडियन बैंक इम्प्लाइज क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड में 3 करोड़ 60 लाख 16 हजार रुपये के गबन का मामला सामने आया है। कोर्ट के आदेश पर 69 लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज हुआ है। सोसाइटी सचिव रविन्द्र श्रीवास्तव की प्रार्थना पत्र पर कोतवाली नगर में दर्ज मुकदमे में तत्कालीन सचिव, वरिष्ठ प्रबंधक, प्रबंधक, हेड कैशियर, प्रधान रोकड़िया समेत 69 पदाधिकारी-कर्मचारियों को नामजद किया गया है।
दर्ज मुकदमे में आरोप है कि 1997 से 2020 तक इलाहाबाद बैंक (अब इंडियन बैंक) के प्रधान शाखा गोंडा में तैनात रहे कर्मचारियों ने मनमाने ढंग से फर्जी लोन वितरण, दस्तावेजों में हेराफेरी की। शिकायतकर्ता के मुताबिक मूल गबन 3.60 करोड़ रुपये का है। ब्याज समेत यह राशि 4 करोड़ 90 लाख 8 हजार 373 रुपये से अधिक हो जाती है।
रकम वापसी का अनुबंध
आरोप है कि गबन पकड़े जाने पर रकम वापसी के लिए आरोपियों से लिखित अनुबंध कराया गया था लेकिन अनुबंध की शर्तों का उल्लंघन कर कोई पैसा वापस नहीं किया गया। सचिव रविन्द्र श्रीवास्तव ने बताया कि दो बार आईजीआरएस और उच्च अधिकारियों से शिकायत के बाद भी कार्रवाई न होने पर न्यायालय की शरण लेनी पड़ी। कोर्ट के आदेश के बाद कोतवाली नगर पुलिस ने धोखाधड़ी की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
गंभीरता से हो रही जांच
कोतवाल बिंदेश्वरी मणि त्रिपाठी ने बताया कि आरोपियों पर धोखाधड़ी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की गंभीरता से जांच पड़ताल की जा रही है।
एलडीएम जांच के बाद भी कार्रवाई क्यों नहीं
प्रार्थना पत्र के अनुसार रोडवेज चौकी प्रभारी ने पहले शिकायत पर जांच रिपोर्ट लगाते हुए धन गबन का अपराध स्वीकार किया। फिर भी लिखा कि तत्कालीन सचिव राजीव कुमार के खिलाफ वित्तीय अनियमितता की जांच एलडीएम गोण्डा स्तर पर प्रचलित है। इसी आधार पर मुकदमा दर्ज नहीं हुआ। शिकायतकर्ता ने चार बार एसपी, डीएम, सीएम से शिकायत की। इसके बाद कोर्ट की शरण लेनी पड़ी। गोण्डा में सहकारी बैंकों में गबन की ये पहली घटना नहीं है। हाल ही में यूपी कोऑपरेटिव बैंक की शाखा में 21 करोड़ 47 लाख 78 हजार रुपये के घोटाले का राजफाश हुआ था।
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Ajay Singhअजय कुमार सिंह पिछले आठ वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान की यूपी टीम में पूर्वांचल के बड़े हिस्से से खबरों का कोआर्डिनेशन देख रहे हैं। वह हिन्दुस्तान ग्रुप से 2010 से जुड़े हैं। पत्रकारिता में 27 वर्षों का लंबा अनुभव रखने वाले अजय ने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। हिन्दुस्तान से पहले वह ईटीवी, इंडिया न्यूज और दैनिक जागरण के लिए अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। अजय राजनीति, क्राइम, सेहत, शिक्षा और पर्यावरण से जुड़ी खबरों को गहराई से कवर करते हैं। बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट अजय फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में असिस्टेंट एडिटर हैं और उत्तर प्रदेश की राजनीति और क्राइम की खबरों पर विशेष फोकस रखते हैं।
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