
पति गिड़गिड़ाता रहा, पत्नी ने लगा ली फांसी; 3 साल पहले दोनों ने की थी लव मैरिज
देर रात राजकुमार मजदूरी कर घर लौटा और बाजार सामान खरीदने चला गया। इसी बीच रूबी दौड़कर कमरे में गई। उसने अंदर से कुंदी लगाई और पंखे के सहारे रस्सी से फांसी फंदा बनाकर झूल गई। कुछ देर बाद जब राजकुमार लौटा तो यह देखकर चीख पड़ा। रूबी तड़प रही थी। शोर सुनकर आसपास हड़कंप मच गया।
झांसी के शहर कोतवाली थाना क्षेत्र में एक प्रेम विवाह का खौफनाक अंत हुआ। मोहल्ला ढिमरयाना में दरवाजा बंद कर महिला ने फांसी लगाकर जान दे दी। बाजार से लौटे पति ने पत्नी को फंदे पर झूलता देखा तो चीख पड़ा। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर निकाला। मायके पक्ष ने गंभीर आरोप लगाए हैं। सकरार थाना क्षेत्र के गांव खिसनी निवासी रूबी अहिरवार और टहरौली बंगरा-बंगरी निवासी राजकुमार अहिरवार दूर के रिश्तेदार थे और एक-दूसरे अच्छी तरह जानते थे। तीन साल पहले दोनों ने प्रेम विवाह (Love Marriage) कर ली थी।
झांसी के ढिमरयाना में किराए के मकान में वे पति-पत्नी की तरह रहते थे। देर रात राजकुमार मजदूरी कर घर लौटा और बाजार सामान खरीदने चला गया। इसी बीच रूबी दौड़कर कमरे में गई। उसने अंदर से कुंदी लगाई और पंखे के सहारे रस्सी से फांसी फंदा बनाकर झूल गई। कुछ देर बाद जब राजकुमार लौटा तो यह देखकर चीख पड़ा। उस वक्त रूबी तड़प रही थी। शोर सुनकर आसपास हड़कंप मच गया। सूचना पर कोतवाली प्रभारी विद्यासागर शुक्ल पुलिस बल के साथ पहुंचे।
पुलिस ने दरवाजा तोड़कर रूबी को बाहर निकाला। उसे तुरंत मेडिकल कॉलेज भिजवाया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। जिससे राजकुमार बिलख पड़ा। उसने बताया कि कोई बात नहीं थी। पता नहीं रूबी ने ऐसा कदम क्यों उठाया है। जबकि मृतका के चाचा जगदीश अहिरवार ने राजकुमार पर गंभीर आरोप लगाए। बताया, भतीजी को करीब तीन साल पहले राजकुमार बहलाकर ले गया था। हालाकि मायके वालों ने शव लेने से इंकार कर दिया है। वहीं पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
तीन साल पहले किया था प्रेम विवाह
झांसी में एक प्रेम कहानी का खौफनाक अंत हो गया। परिजनों की मानें तो रूबी ने करीब तीन साल पहले अपने ही शादीशुदा रिश्तेदार राजकुमार अहिरवार के साथ घर से भागकर प्रेम विवाह किया था। लेकिन, इस प्रेम कहानी का इतना खौफनाक अंत होगा किसी ने सोचा तक नहीं था।
साहब! बाजार गए थे
पति राजकुमार ने बताया कि वह घटना के समय बाजार गया था। जब वह लौटा तो घर का दरवाजा अंदर से बंद था। खिड़की से झांककर देखा तो रूबी पंखे से लटकी और तड़प रही था। उसे मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।

लेखक के बारे में
Ajay Singhअजय कुमार सिंह पिछले आठ वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान की यूपी टीम में पूर्वांचल के बड़े हिस्से से खबरों का कोआर्डिनेशन देख रहे हैं। वह हिन्दुस्तान ग्रुप से 2010 से जुड़े हैं। पत्रकारिता में 27 वर्षों का लंबा अनुभव रखने वाले अजय ने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। हिन्दुस्तान से पहले वह ईटीवी, इंडिया न्यूज और दैनिक जागरण के लिए अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। अजय राजनीति, क्राइम, सेहत, शिक्षा और पर्यावरण से जुड़ी खबरों को गहराई से कवर करते हैं। बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट अजय फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में असिस्टेंट एडिटर हैं और उत्तर प्रदेश की राजनीति और क्राइम की खबरों पर विशेष फोकस रखते हैं।
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