
गैर मर्द से अफेयर में खटकने लगा पति, शादीशुदा महिला के अफेयर का खौफनाक अंजाम
वीरपाल की हत्या उसकी पत्नी सुनीता ने अपने प्रेमी आशीष उर्फ अंशू के साथ मिलकर की थी। पुलिस ने आरोपी पत्नी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों को कोर्ट में पेशकर जेल भेज दिया गया है। सीओ बिलारी अशोक कुमार सिंह ने बताया कि वीरपाल को दोनों के प्रेम-प्रसंग का पता चल गया था और वह विरोध करता था।
यूपी के मुरादाबाद में एक शादीशुदा महिला का चार महीने पहले उम्र में 17 साल छोटे गैर मर्द से अफेयर हो गया। महिला के पति को इसका पता चला तो उसने विरोध किया। प्रेमी के साथ संबंध में महिला को अच्छे-बुरे का कुछ ख्याल ही नहीं रहा। उसे अपना पति खटकने लगा। फिर महिला और उसके प्रेमी ने योजना बनाई और विरोध कर रहे पति का कत्ल कर डाला। मुरादाबाद पुलिस ने बिलारी थाना क्षेत्र के गांव अल्हेदादपुर उर्फ देवा नगला निवासी किसान वीरपाल की हत्या का खुलासा किया तो लोग हैरान रह गया।

पुलिस ने बताया कि वीरपाल की हत्या उसकी पत्नी सुनीता ने अपने प्रेमी आशीष उर्फ अंशू के साथ मिलकर की थी। पुलिस ने आरोपी पत्नी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर हत्याकांड का खुलासा किया है। सीओ बिलारी अशोक कुमार सिंह ने बताया कि वीरपाल को दोनों के प्रेम-प्रसंग का पता चल गया था और वह विरोध करता था। इसलिए योजना बनाकर आरोपियों ने हत्याकांड को अंजाम दिया। दोनों को कोर्ट में पेशकर जेल भेज दिया गया है।
थाना बिलारी के गांव अल्हेदादपुर उर्फ देवा नगला निवासी वीरपाल सिंह(40 वर्ष) किसान था। 12 अक्तूबर को रात करीब 9 बजे वह खाना खाने के बाद खेत पर धान की रखवाली करने गया था। सोमवार 13 अक्तूबर को सुबह उसका शव खेत पर चारपाई पर पड़ा मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया तो गला घोटकर हत्या करने की पुष्टि हुई। इस मामले में वीरपाल के भाई कुंवरपाल ने तहरीर देकर अपनी ही भाभी सुनीता और उसके 17 साल छोटे प्रेमी आशीष कुमार उर्फ अंशू के खिलाफ केस दर्ज कराया था। सीओ बिलारी अशोक कुमार ने बताया कि विवेचनात्मक कार्रवाई के दौरान एसएचओ बिलारी उदय प्रताप की टीम ने आरोपी आशीष कुमार उर्फ अंशू को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने हत्या की बात स्वीकार कर ली। आरोपी ने पुलिस को बताया कि वीरपाल की पत्नी सुनीता के कहने पर ही उसने रविवार रात खेत पर जाकर वीरपाल की गला घोटकर हत्या की।
24 घंटे के अंदर कर दिया खुलासा
एसएचओ बिलारी उदय प्रताप सिंह के नेतृत्व में अपराध निरीक्षक नरेश कुमार, एसआई अमित कुमार, महिला एसआई मीनू चौधरी और सिपाही नीलम चौधरी व मोहित कुमार की टीम ने बारी-बारी से आरोपी आशीष कुमार उर्फ अंशू व सुनीता को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में हत्या की बात भी सामने आ गई।
वारदात के बाद सुनीता के पास पहुंचा था आरोपी
पुलिस के अनुसार हत्यारोपियों ने सुनियोजित तरीके से वारदात को अंजाम दिया। रविवार को जब वीरपाल धान के खेत पर गया तो उसकी पत्नी सुनीता ने अपने प्रेमी अंशू को इस बात की जानकारी दे दी, जिसके बाद रात में अंशू खेत पर पहुंचा और चादर ओढ़कर सो रहे वीरपाल का गला दबा दिया। उसने जान बचाने के लिए संघर्ष किया, लेकिन आरोपी अंशू उस पर भारी पड़ा और तब तक गला दबाए रहा जब तक उसकी सांसे थम नहीं गईं। बाद में उसके ऊपर चादर डाल कर वहां से भाग गया। हत्याकांड को अंजाम देने के बाद वह दबे पांव प्रेमिका सुनीता के पास पहुंचा और कहा कि काम हो गया है अब हमारे बीच कोई बाधक नहीं है।
चार महीने पहले गेहूं की कटाई के दौरान हुआ प्रेम
वीरपाल का 38 वर्षीय सुनीता से काफी समय पहले विवाह हुआ था। दोनों के चार बेटियां गौरी, आशी, उपासना व भावना और एक बेटा भूपेंद्र थे। चार माह पूर्व मजदूरी करने वाली सुनीता का गेहूं की कटाई के दौरान आशीष कुमार उर्फ अंशू से संपर्क हुआ। दोनों में प्रेमप्रसंग शुरू हुआ जो कुछ ही दिन में अनैतिक संबंध में बदल गया। इसी बीच एक दिन वीरपाल ने पत्नी सुनीता को आशीष के साथ आपत्तिजनक हालत में देख लिया। उसने सुनीता की पिटाई भी कर दी थी। वीरपाल की हत्यारोपी पत्नी और उसका प्रेमी आशीष उर्फ अंशू गांव के रिश्ते में नानी-धेवता हैं। बताया गया कि सुनीता की उम्र 38 साल है, जबकि उसके आरोपी प्रेमी आशीष कुमार उर्फ अंशू की उम्र महज 21 साल है।
पुलिस को गुमराह करने को पति के शव पर फूटफूट कर रोई थी आरोपी
शातिर हत्यारोपी सुनीता पति वीरपाल की हत्या कराने के बाद कराने के बाद अंजान बनने का ड्रामा करती रही। सुबह छह बजे जब खेत पर शव मिलने की सूचना परिवार वालों तक पहुंची तो वह खुद भी दहाड़े मार माकर रोते हुए खेत पर पहुंच गई। ऐसा करने वह परिवार और पुलिस को गुमराह करना चाहती थी। पुलिस के अनुसार वारदात को अंजाम देने वाला आरोपी आशीष उर्फ अंशू भी सोमवार सुबह वीरपाल का शव मिलने के बाद खेत पर पहुंचा था और अंतिम संस्कार में भी शामिल हुआ था।



