हाथ-पैर बांधे, मुंह में कपड़ा ठूंसा और बेरहमी से मार डाला; 5 बीघा जमीन के लिए कसाई बन गया भतीजा
जावित्री की जिंदगी संघर्षों से भरी थी। उसकी दो शादियां हुई थीं और दोनों में अलगाव हो गया था। उसके पिता ने बेटी की बेबसी देख उसे गांव के बाहरी छोर पर मकान बनाकर दिया और गुजारे के लिए 5 बीघा कृषि भूमि उसके नाम कर दी। इसी जमीन और मकान पर उसके सगे भाई के परिवार की नियत डोल गई थी।

UP News : जमीन के लालच में एक बार फिर रिश्तों का कत्ल कर दिया गया। अमरोहा के रहरा थाना क्षेत्र के गांव पौरारा में महज पांच बीघा जमीन के लिए सगा भतीजा कसाई बन गया। उसने साथी के साथ मिलकर अपनी सगी बुआ की बेरहमी से हत्या कर दी। आरोपियों ने महिला के हाथ-पैर दुपट्टे से बांधकर और मुंह में कपड़ा ठूंसकर इस नृशंस हत्याकांड को अंजाम दिया। सोमवार सुबह महिला का शव लहूलुहान हालत में घर की छत पर बने कमरे से बरामद हुआ। उसके सिर पर किसी भारी वस्तु से प्रहार किया गया था, साथ ही शरीर पर पिटाई के कई निशान मिले हैं। पुलिस ने मृतका के ममेरे भाई की तहरीर पर सगे भतीजे और एक अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
45 वर्षीय जावित्री की जिंदगी संघर्षों से भरी थी। उसकी दो शादियां हुई थीं और दोनों में अलगाव हो गया था। बेसिक शिक्षा विभाग से सेवानिवृत्त उसके पिता कल्याण सिंह ने बेटी की बेबसी देख उसे गांव के बाहरी छोर पर मकान बनाकर दिया और गुजारे के लिए पांच बीघा कृषि भूमि उसके नाम कर दी। इसी जमीन और मकान पर उसके सगे भाई के परिवार की नियत डोल गई थी। जावित्री अपने ममेरे भाई के तीन वर्षीय बेटे को गोद लेकर उसी मकान में रह रही थी।
सोमवार सुबह जब गांव का दूधिया दूध देने पहुँचा, तो काफी शोर मचाने के बाद भी दरवाजा नहीं खुला। शक होने पर मोहल्ले के लोग दीवार के सहारे छत पर पहुंचे, जहां कमरे के भीतर दरी पर जावित्री का लहूलुहान शव पड़ा था। यह देख ग्रामीणों के होश उड़ गए और तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही एसपी लखन सिंह यादव और सीओ पंकज कुमार त्यागी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचे। डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। एसपी ने बताया कि मृतका के हाथ-पैर बंधे थे और मुंह में कपड़ा ठूंसा गया था। सिर पर वजनी वस्तु के प्रहार से मौत हुई है।
गोद लेने के विवाद में रची गई मर्डर की पटकथा
जावित्री ने पहले अपने सगे भाई टेकचंद की बेटी को गोद लिया था। टेकचंद चाहता था कि जावित्री वह पांच बीघा जमीन उसकी बेटी के नाम कर दे, लेकिन जावित्री ने इससे मना कर दिया। विवाद बढ़ने पर टेकचंद ने अपनी बेटी वापस ले ली। इसके बाद जावित्री ने अपने ममेरे भाई राकेश के बेटे को गोद ले लिया और उसे ही अपना वारिस मान लिया। आरोप है कि इसी रंजिश में टेकचंद के बेटे हिमांशु ने अपने साथी के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया।
आरोपी फरार, पुलिस की दबिश जारी
थानाध्यक्ष अखिलेश प्रधान ने बताया कि मृतका के ममेरे भाई राकेश की तहरीर पर सगे भतीजे हिमांशु और एक अज्ञात के खिलाफ हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी हिमांशु घटना के बाद से ही फरार है। पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं, जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
दो शादियां हुईं और दोनों टूटीं, संघर्षों में बीता जावित्री का जीवन
जावित्री की जिंदगी शुरू से ही उतार-चढ़ाव भरी रही। उसका पहला विवाह करीब 25 वर्ष पूर्व थाना क्षेत्र के ही गांव गंगेश्वरी निवासी देवदत्त सैनी के साथ हुआ था। शादी के कई वर्षों बाद तक जब कोई संतान नहीं हुई, तो देवदत्त ने जावित्री से दूरी बना ली और अंततः दोनों अलग हो गए।
बेटी का घर उजड़ता देख पिता कल्याण सिंह ने उसकी दूसरी शादी बुलंदशहर के खुर्जा क्षेत्र स्थित गांव अनन्या निवासी कन्हैया सैनी से कराई। लेकिन जावित्री की किस्मत में यहाँ भी सुख नहीं था। कन्हैया के साथ भी कुछ ही समय में अनबन शुरू हो गई और वह दूसरी बार भी ससुराल छोड़कर मायके आ गई। दो बार घर टूटने के बाद पिता ने सहारा देते हुए उसे गांव के बाहर अलग मकान बनाकर दिया था, ताकि वह स्वाभिमान से जी सके। लेकिन जिसे सुरक्षा का ठिकाना समझा था, वही उसकी मौत की जगह बन गई।
लेखक के बारे में
Ajay Singhअजय कुमार सिंह पिछले आठ वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान की यूपी टीम में पूर्वांचल के बड़े हिस्से से खबरों का कोआर्डिनेशन देख रहे हैं। वह हिन्दुस्तान ग्रुप से 2010 से जुड़े हैं। पत्रकारिता में 27 वर्षों का लंबा अनुभव रखने वाले अजय ने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। हिन्दुस्तान से पहले वह ईटीवी, इंडिया न्यूज और दैनिक जागरण के लिए अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। अजय राजनीति, क्राइम, सेहत, शिक्षा और पर्यावरण से जुड़ी खबरों को गहराई से कवर करते हैं। बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट अजय फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में असिस्टेंट एडिटर हैं और उत्तर प्रदेश की राजनीति और क्राइम की खबरों पर विशेष फोकस रखते हैं।
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