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गैंगरीन के कारण सड़ रहा था पैर, प्राइवेट में काटा, एम्स ने बचाया

सर्जरी महाराजगंज के युवा अधिवक्ता सड़क हादसे में हुए थे घायल निजी अस्पताल...

गैंगरीन के कारण सड़ रहा था पैर, प्राइवेट में काटा, एम्स ने बचाया
हिन्दुस्तान टीम,गोरखपुरSat, 11 May 2024 03:15 AM
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गोरखपुर। वरिष्ठ संवाददाता
महाराजगंज निवासी युवा अधिवक्ता के सड़ रहे पैर को एम्स के चिकित्सकों ने बचा लिया। सड़क हादसे में घायल अधिवक्ता को इलाज के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जहां डॉक्टरों ने पांव की एड़ी से 8 इंच ऊपर तक का हिस्सा काट दिया था। इसके बावजूद घाव का संक्रमण ठीक नहीं हुआ। निजी अस्पताल के चिकित्सकों ने दोबारा पैर काटने की योजना बनाई। इस बार घुटने से ऊपर तक पैर काटना था।

जिसके बाद परिजन अधिवक्ता को एम्स ले गए। जहां जनरल सर्जरी विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. हरिकेश यादव की टीम पैर को बचाने के लिए पिछले एक महीने से इलाज कर रही है। अब उसे बड़ी सफलता मिली है। गैंगरीन पूरी तरह ठीक हो गई है। पैर का घाव सूख रहा है। खास बात यह कि इसके लिए प्लास्टिक सर्जरी भी नहीं करनी पड़ी। 27 वर्षीय अधिवक्ता बीते 21 मार्च को सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में उनके पैर की हड्डी टूट गई। परिजनों ने उन्हें पहले जिला अस्पताल फिर बीआरडी मेडिकल कॉलेज और उसके बाद निजी अस्पताल में भर्ती कराया।

एक महीने से चल रहा है इलाज

डॉ हरिकेश ने बताया कि बीते दो अप्रैल को परिजन मरीज को लेकर एम्स आए। इलाज में आर्थोपेडिक और प्लास्टिक सर्जन की सलाह ली गई। मरीज के पैर का घाव अत्यंत संक्रमित था। पांव में गैंगरीन हो चुका था। पांव सड़ रहा था। पांव की मांसपेशियां हड्डी से अलग हो रही थी। ऐसे में घाव को सुखाने और मांस को बढ़ाने के लिए ट्रैक्शन तकनीक अपनाई गई। घाव सूखाने के लिए रोजाना ड्रेसिंग की गई। एक महीने से चल रहे इलाज का असर दिखा है। घाव पूरी तरह सूख गया। गैंगरीन खत्म हो गया। अधिवक्ता का पांव कटने से बच गया है।

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