DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

तफ्तीश: जमीन से सोना निकालने के चक्कर में तांत्रिको ने ली थी जान

संतकबीरनगर मेहदाव के घुरापाली निवासी रामदास की जान रुपये दूना करने के साथ जमीन से सोना निकालने की लालच में चली गई। गांव के एक व्यक्ति के साथ मिलकर पीलीभीत के दो तांत्रिकों ने उन्हें अपने जाल में फंसाया और सहजनवा के सीसई स्थित राप्ती नदी के किनारे तंत्रमंत्र क्रिया करने में दूध और केला के साथ जहर देकर उनके पास मौजूद 3.90 लाख रुपये लूट ले गए। हत्या की गुत्थी सुलझने के बाद पुलिस ने दोनों तांत्रिकों के साथ ही गांव के व्यक्ति को उठाया है।

खुलासा
रुपये दूना करने और सोना निकालने की लालच में फंसे थे रामदास 
रामदास के घर पर दो दिन तक ठहरने के बाद बनाया था शिकार 
तंत्रमंत्र के नाम पर सीसई में राप्ती नदी के किनारे ले गए थे तांत्रिक   
राप्ती नदी के किनारे तंत्रमंत्र के जाल में दूध केला में दिए थे जहर
पीलीभीत के रहने वाले दोनों तांत्रिक और गांव के युवक को उठाया

बेटे ने दो तांत्रिकों सहित तीन पर कराया केस 
सूरत से आए रामदास के बेटे अखिलेश ने शुक्रवार को पिता की हत्या के मामले में पुलिस को तहरीर दी और बताया कि पांच अगस्त की रात में करीब नौ बजे उसके पिता गांव के बगल के छपिया गांव निवासी पराग यादव, पीलीभीत जिले के दरखेड़ा थाना क्षेत्र के मधइया गांव निवासी कालीचरण उर्फ बबलू तथा उसी गांव का धर्मवीर उर्फ लल्ला ने पिता को जाल में फंसा कर जमीन के अंदर से सोना निकालने और रुपये दूना करने की बात कहते हुए तंत्रमंत्र करने के लिए सहजनवा के सीसई स्थित राप्ती नदी के किनारे ले गए। तांत्रिकों के कहने पर पिता अपने साथ रुपये लेकर भी गए। तीनों ने मिलकर पिता की हत्या कर दी और रुपये लेकर भाग गए। बेटे की तहरीर पर पुलिस ने हत्या और जालसाजी का केस दर्ज किया है।

जमीन खरीदने के लिए जुटाए थे रुपये 
रामदास की बेटी इन्द्रावती ने जमीन खरीदने के लिए गहने बेच कर 2.70 लाख रुपये पिता को दिया था। इसके अलावा रामदास के बेटे अखिलेश के ससुर ने भी 70 हजार रुपये दिया था। वहीं गांव के टिप्पू ने 50 हजार रुपये दिया था। पराग को पता था कि रामदास को जमीन खरीदनी है। इसकी जानकारी उसने तांत्रिकों को दी उसके बाद वह रामदास को जाल में फंसाने में जुट गए और दो दिन तक उनके घर ही रुकने बाद उन्होंने शिकार बनाया। हालांकि उसके पहले उन्होंने नदी के किनारे की रेकी की थी। 

दो दिन तक घर पर रुक कर फंसाया जाल में 
घुरापाली गांव निवासी में रामदास के घर दोनों तांत्रिक के अलावा बगल के गांव का निवासी पराग भी दो दिन तक रहे।  सोमवार की रात में भोजन करने के बाद नदी के किनारे पूजा-पाठ करने की बात कह कर तांत्रिक साथ ले गए। वे पैदल ही उस स्थान पर पहंचे जहां रात में किसी के आने जाने की संभावना  नहीं थी। पराग और दोनों तांत्रिक और टप्पू के अलावा गांव का दीनानाथ भी उनके साथ था। 

ऐसे बनाय शिकार 
पुलिस सूत्रों के मुताबिक रामदास के साथ गए लोगों से पूछताछ के आधार पर पता चला कि तांत्रिकों ने रामदास के पास मौजूद सारे रुपये को एक लाल कपड़े में रुपये इकट्ठा रखवा दिया और कपड़ा रामदास के हाथ में देकर तंत्रमंत्र के लिए उन्हें बीच में और साथ गए बगल के गांव के एक व्यक्ति सहित  अन्य चार लोगों को 25-25 फीट की दूरी पर एक गोले रूप में बैठा दिया। तंत्रमंत्र की पूज शुरू करने के दौरान उन्होंने सभी को केला और दूध तथा उसमें कुछ मिलाकर पीने के लिए दिया। जब सभी लोग अचेत हो गए तब रुपये लेकर दोनों तांत्रिक फरार हो गए। पराग सोमवार की रात में ढाई बजे घर पहुंचा। मंगलवार की शाम को टप्पू तिवारी और दीनानाथ भी लड़खड़ाते हुए पहुंचे गए पर रामदास वहीं मृत पड़े रहे। बाद में उन्होंने गांव के लोगों को पूरी कहानी बताई।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Taptish: Tantrico took his life in the affair of removing gold from the ground