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गोरखपुर

गोरखपुर में 288 ईंट भट्ठों को बंद करने का फरमान

हिन्दुस्तान टीम,गोरखपुरPublished By: Newswrap
Sun, 01 Aug 2021 04:02 AM
गोरखपुर में 288 ईंट भट्ठों को बंद करने का फरमान

गोरखपुर। अरविन्द कुमार राय

उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एक फरमान ने जिले के ईंट-भट्ठा कारोबारियों की नींद उड़ा दी है। बोर्ड ने साफ तौर पर कहा है कि राज्य बोर्ड की सहमति के बिना चल रहे ईंट-भट्ठे अवैध हैं। गोरखपुर जिले के 288 ईंट-भट्ठे इसी सूची में हैं। इन्हें तत्काल बंद किया जाए। बोर्ड ने क्षेत्रीय अधिकारी को कार्रवाई का भी निर्देश दिया है।

जिले में ईंट-भट्ठे का बड़ा कारोबार है। इस साल मौसम की बेरहमी से ईंट-भट्ठा कारोबारी पहले ही बुरी तरह तबाह हो चुके हैं। बेमौसम बारिश ने उनके कारोबार को चौपट कर दिया है। अब उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के फरमान ने कारोबारियों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। बोर्ड ने सख्ती बरतते हुए कहा है कि राज्य बोर्ड की सहमति के बिना गोरखपुर जिले में 288 ईंट-भट्ठे चल रहे हैं। ईंट-भट्ठा उद्यमियों का यह कृत्य वायु प्रदूषण निवारण-नियंत्रण अधिनियम 1981 की धारा-21 का उल्लंघन है। गोरखपुर में ये सभी 288 ईंट-भट्ठे अवैध रूप से संचालित किए जा रहे हैं।

उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड गोरखपुर को पत्र लिखकर कहा है कि ईंट-भट्ठों के विरुद्ध वायु प्रदूषण निवारण-नियंत्रण अधिनियम 1981 की धारा-31ए के तहत मिली शक्तियों का प्रयोग करते हुए तत्काल कार्रवाई की जाए। इस सूची में शामिल जिले के 288 ईंट-भट्ठों को तत्काल प्रभाव से बंद कराया जाए। राज्य बोर्ड के इस निर्देश के बाद क्षेत्रीय अधिकारी ने अपने स्तर से कार्रवाई भी शुरू कर दी है। साथ ही मुख्य पर्यावरण अधिकारी, उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कहा है कि ईंट भट्ठा संचालकों को मिले लाइसेंस को खनन अधिकारी द्वारा तत्काल रद्द किया जाए।

मुख्य पर्यावरण अधिकारी ने लिखा एसएसपी को पत्र

मुख्य पर्यावरण अधिकारी, उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने एसएसपी को इस संबंध में पत्र लिखा है। उन्होंने पत्र के जरिए गुजारिश की है कि अवैध तरीके से चल रहे ईंट भट्ठों को तत्काल बंद कराया जाए। ऐसे ईंट-भट्ठों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाए।

मुख्य पर्यावरण अधिकारी का डीएम को भी पत्र

बोर्ड ने जिलाधिकारी को भी पत्र लिखा है और कहा है कि ईंट भट्ठों के विरुद्ध जारी बंदी के आदेश का अनुपालन कराने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों, जिला पंचायत, खनन एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया जाए।

अब उद्योग कहे जाएंगे ईंट भट्ठे

मुख्य पर्यावरण अधिकारी, उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कहा है कि ईंट-भट्ठों पर मिट्टी, कोयला और पानी का इस्तेमाल कर ईंटें तैयार की जाती हैं। लिहाजा इसे अब उद्योग कहा जाएगा। वायु प्रदूषण निवारण-नियंत्रण अधिनियम 1981 की धारा-2 (ट) के तहत ईंट भट्ठे एक औद्योगिक संयंत्र हैं।

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