चिलुआताल घाट के हैंडओवर के लिए जीडीए और पयर्टन विभाग कर रहे चिन्हांकन
गोरखपुर में चिलुआताल घाट को विकास प्राधिकरण को सौंपने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर स्थितियों का मूल्यांकन किया जा रहा है। इससे घाट पर सुविधाओं का विस्तार होगा और पर्यटकों को बेहतर अनुभव प्राप्त होगा। दुकानों के शुरू होने से रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।
गोरखपुर। राजीव दत्त पाण्डेय पर्यटन विभाग ने चिलुआताल घाट को गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) को सौंपने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर गोरखपुर विकास प्राधिकरण और पयर्टन विभाग चिन्हाकन की प्रक्रिया पूर्ण कर रहे हैं। इस प्रक्रिया के पूर्ण होने के बाद पर्यटन विभाग ताल फ्रंट और वहां किए गए सभी निर्माण प्राधिकरण को हस्तांतरित कर देगा।
सुविधाओं के विस्तार की उम्मीद
माना जा रहा है कि इससे चिलुआताल घाट पर उपलब्ध सुविधाओं का विस्तार होगा और पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिल सकेगा। फिलहाल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा लोकार्पित होने के बाद सुबह और शाम बड़ी संख्या में लोग प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने, भ्रमण और मनोरंजन के लिए पहुंच रहें हैं। गोरखपुर विकास प्राधिकरण ने यहां घाट की साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, सुरक्षा और अन्य नागरिक सुविधाओं का संचालन व्यवस्थित ढंग से करने की रणनीति बना रहा है। साथ ही परिसर में निर्मित दुकानों को भी संचालित किए जाने की तैयारी है।
शहर के प्रमुख पर्यटन केंद्र के रूप में
दुकानों के शुरू होने से पर्यटकों को खानपान समेत अन्य आवश्यक सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सकेंगी। बेहतर प्रबंधन के बाद चिलुआताल घाट शहर के प्रमुख पर्यटन और मनोरंजन केंद्र के रूप में नई पहचान बनाएगा। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे और क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को बल मिलेगा। उप निदेशक पयर्टन राजेंद्र प्रसाद यादव एवं जीडीए उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल कहते हैं कि जुलाई माह तक हैंडओवर की प्रक्रिया पूर्ण कर ली जाएगी।


