
गुड न्यूज: गोरखपुर से हैदराबाद के लिए चलेगी रेगुलर ट्रेन, रेलवे बोर्ड ने दी मंजूरी
दीपावली 20 अक्तूबर को है, लेकिन 5-19 अक्तूबर तक दिल्ली और मुम्बई से आने वाली किसी भी ट्रेन में सीट नहीं है। ट्रेनों में सीट न मिलने से सबसे अधिक परेशान नौकरीपेशा और पढ़ाई करने वाले छात्र हैं। सबसे अधिक मारामारी दिल्ली, मुम्बई, कोलकाता और बंगलुरु की ट्रेनों में है।
छपरा-अमृतसर स्पेशल के बाद अब गोरखपुर-हैदराबाद स्पेशल को भी रेगुलर ट्रेन के रूप में चलाने की मंजूरी मिल गई है। एनईआर के प्रस्ताव पर रेलवे बोर्ड ने मुहर लगा दी है। सात दिसंबर से इस ट्रेन का स्थायी रूप से संचलन शुरू हो जाएगा। इस ट्रेन की टाइमिंग और रेक संरचना वही रहेगी, जो वर्तमान में है। ट्रेन नंबर में बदलाव होगा। जल्द ही इसकी भी अधिसूचना जारी कर दी जाएगी। आगामी छह दिसंबर तक यह ट्रेन स्पेशल के रूप में ही चलेगी।
स्पेशल ट्रेन में किराया सामान्य ट्रेनों के किराए का 1.3 गुना अधिक है। इस ट्रेन के एक्सप्रेस हो जाने से किराया भी 30 फीसदी कम हो जाएगा। इस ट्रेन के रेगुलर हो जाने से हैदराबाद जाने वाले यात्रियों को काफी सहूलियत होगी। वर्तमान में 02576/02575 नंबर से संचालित हो रही यह ट्रेन गोरखपुर से सुबह 08:30 बजे प्रस्थान करती है। हैदराबाद पहुंचने में यह ट्रेन 33 घंटे का समय लेती है।
दीपावली के समय सभी ट्रेनों में नो-रूम
दीपावली 20 अक्तूबर को है, लेकिन 5-19 अक्तूबर तक दिल्ली और मुम्बई से आने वाली किसी भी ट्रेन में सीट नहीं है। ट्रेनों में सीट न मिलने से सबसे अधिक परेशान नौकरीपेशा और पढ़ाई करने वाले छात्र हैं। सर्वाधिक मारामारी दिल्ली, मुम्बई, कोलकाता और बंगलुरु की ट्रेनों में है। उधर, निर्माण कार्य को देखते हुए रेलवे ने गोरखपुर जंक्शन परिसर में पैसेंजर होल्डिंग एरिया बनाने का निर्णय लिया है।
यात्री पुनर्विकास कार्य देख दे सकते हैं सुझाव
विशेष स्वच्छता अभियान 5.0 के तहत पूर्वोत्तर रेलवे के गोरखपुर जंक्शन पर महाप्रबन्धक उदय बोरवणकर ने अमृत संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया। स्टेशन परिसर में उपस्थित यात्रियों से संवाद कर जक्शन सहित अन्य स्टेशनों पर स्वच्छता अभियान का फीड बैक लिया। इसके बाद वह स्टेशन का निरीक्षण कर काम में तेजी लाने के निर्देश दिए।
संवाद के दौरान महाप्रबंधक ने कहा कि भारतीय रेल को स्वच्छ बनाए रखने के लिए स्वच्छोत्सव अभियान चलाया गया, जो पूरी तरह सफल रहा। स्वच्छता अभियान के द्वितीय चरण में सभी संबंधित विभाग समन्वय बनाकर काम कर रहे हैं। संवाद कार्यक्रम के तहत यात्रियों से बात कर गाड़ियों में स्वच्छता एवं रेल सेवाओं में सुधार हेतु सुझाव आमंत्रित किए। यात्रियों ने गोरखपुर जंक्शन पर साफ-सफाई की सराहना की। उन्होंने यात्रियों से कहा कि स्टेशन पर सुविधाओं का उपयोग करने के साथ चल रहे पुनर्विकास कार्य को देखकर बहुमूल्य सुझाव दे सकते हैं। इसके बाद महाप्रबंधक ने आरपीएफ पोस्ट में बने सीसीटीवी कक्ष को देखा। सीसीटीवी के माध्यम से रेलवे स्टेशन की निगरानी का जायजा लिया। अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्लेटफार्म पर अवरोधों को हटाया जाय।
प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर नरेश कुमार ने कहा कि अमृत संवाद एक प्रेरणादायी पहल है। प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबन्धक श्रीप्रकाश चन्द्र जायसवाल बताया कि रेल प्रशासन नई तकनीकों का उपयोग कर रेल यात्रा को उन्नत बना रहा है। कार्यक्रम का संचालन सीपीआरओ पंकज कुमार सिंह ने की। मौके पर मुख्य प्रशासनिक अधिकारी/निर्माण अभय कुमार गुप्ता, प्रमुख मुख्य सिगनल एवं दूरसंचार इंजीनियर राजेश पाण्डेय, मुख्य सुरक्षा आयुक्त/रेसुब अजित कुमार बर्णवाल आदि अधिकारी मौजूद रहे।





