मेडिकल कॉलेज में पांच काम ठप, पटरी से उतरीं स्वास्थ्य सेवाएं
संक्षेप: Gonda News - गोण्डा के मेडिकल कॉलेज में स्वास्थ्य सेवाएं ठप हो गई हैं। सी-आर्म मशीन, अल्ट्रासाउंड, सीटी स्कैन, मोतियाबिंद ऑपरेशन, और वेंटिलेटर जैसी सुविधाएं प्रभावित हो रही हैं। अस्पताल में कई मशीनें खराब हैं, जिससे मरीजों को कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। सीएमएस ने जल्द ही सुधार का आश्वासन दिया है।
गोण्डा, संवाददाता। मंडल मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज में चिकित्सा संबंधित पांच काम ठप हो गए हैं, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं पटरी से उतर गईं हैं। स्थिति यह हो गई है कि स्वास्थ्य सेवाएं घटकर अब सीएचसी स्तर तक ही सीमित हो गईं हैं। सिर्फ ओपीडी व इमरजेंसी तक ही चिकित्सा सुविधाएं सिमट कर रह गईं हैं। यह स्थिति तब है जबकि सुविधाएं बढ़ने के बड़े - बड़े दावे किए जा रहे हैं। बाबू ईश्वर शरण अस्पताल को पहले जिला अस्पताल का दर्जा प्राप्त था। मंडल स्थापना के बाद मंडलीय अस्पताल का तमगा मिल गया और सीएमएस की जगह प्रमुख चिकित्साधीक्षक की तैनाती होने लगी।

बाद में अस्पताल स्वशासी मेडिकल कॉलेज से सम्बद्ध हो गया और उसे मेडिकल कॉलेज का दर्जा हासिल हो गया लेकिन सुविधाएं बढ़ने के बजाए घट गईं। अब अस्पताल में अल्ट्रासाउंड नहीं हो रहा है। मरीजों को बाहर से अपनी जेब ढीली कर अल्ट्रासाउंड कराना पड़ता है। सीटी स्कैन मशीन भी हिचकोले खा रही है और उसकी रिपोर्ट लिखने के लिए कोई रेडियोलॉजिस्ट नहीं है। नेत्र विभाग से मोतियाबिंद आपरेशन में प्रयोग किया जाने वाला लेंस नदारद है, जिससे आंखों का मोतियाबिंद आपरेशन भी ठप पड़ा है। वहीं एक माह से अधिक समय से सी - आर्म मशीन खराब पड़ी है, जिसके कारण हड्डी का आपरेशन नहीं हो पा रहा है ।जबकि सबसे अधिक हड्डी रोग विशेषज्ञ होने के कारण हड्डी संबंधित आपरेशन सबसे अधिक होते थे। इसके अलावा अस्पताल में कई जगह लगे वेंटीलेटर भी खराब पडे हुए हैं। यहां तक कि पीकू वार्ड में मौजूद पांच वेंटीलेटर वार्ड की सिर्फ शोभा ही बढ़ा रहे हैं। वेंटीलेटर आपरेटर ड्यूटी बजाने आते हैं और दूसरा काम करके चले जाते हैं। मेडिकल कॉलेज में ठप हैं यह पांच काम 1- सी - आर्म मशीन की खराबी से हड्डी आपरेशन कई दिनों से नहीं हो रहा है । 2 - अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती न होने से अल्ट्रासाउंड जांच बंद है। 3 - मशीन के हिचकोले खाने से सीटी स्कैन जांच भी प्रभावित चल रही है। 4 - नेत्र रोग विभाग में लेंस आउट ऑफ स्टाक होने से मोतियाबिंद आपरेशन ठप । 5 - कई महीनों से वेंटीलेटर खराब होने से वेंटीलेटर सेवाएं बंद। कोट - मशीनों की खराबी के लिए मरम्मत की जिम्मेदार फर्म से संपर्क साधा गया है। जल्द ही सब मशीनें ठीक हो जाएंगी और भी कमियों को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। जिससे अस्पताल आने वाले मरीजों को कोई परेशानी का सामना न करना पड़े। - डा अनिल तिवारी, सीएमएस बाबू ईश्वर शरण अस्पताल

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