दोस्त ही बन गए हैवान; हत्या कर नाबालिग का शव बाड़े में दफनाया, पुलिस को कंकाल मिला
पूछताछ में रोहित ने बताया कि कहासुनी के दौरान कमल के सिर पर शराब की बोतल मार दी गई थी। उसकी मौत होने पर जानवरों के बाड़े में मिट्टी के ढेर में शव को दबा दिया गया था। कमल की मां के मोबाइल फोन पर 30 लाख की फिरौती का मैसेज भी आया था। पुलिस ने रोहित की शिनाख्त पर कमल का कंकाल बरामद कर लिया गया है।

उरई में 25 मार्च से लापता एक नाबालिग को उसी के दोस्तों ने मार डाला। शव जानवरों के बाड़े में मिट्टी के ढेर में दबा दिया। बुधवार को पुलिस ने इस घटना का खुलासा करते हुए मिट्टी के ढेर से किशोर का कंकाल बरामद कर दो युवकों को पकड़ा है। रुदपुरा निवासी परमाल सिंह ने बताया कि 25 मार्च को उनका 16 वर्षीय बेटा कमल प्रताप सिंह उर्फ कुक्के अपने दोस्तों के घर जाने की बात कहकर निकला था। रात तक वापस नहीं आया तो चिंता हुई। गांव के लोगों के साथ उसकी तलाश की गई लेकिन कुछ पता नहीं चला। 27 मार्च को कोतवाली में गुमशुदगी दर्ज कराई। पुलिस ने कमल के मोबाइल नंबर को ट्रेस किया तो उसके दोस्तों से आखिरी बार बातचीत सामने आई।
सिर पर बोतल मारकर हत्या
बीती मंगलवार रात पुलिस ने उसके दोस्त रोहित व एक अन्य को पकड़ा। पूछताछ में रोहित ने बताया कि कहासुनी के दौरान कमल के सिर पर शराब की बोतल मार दी गई थी। उसकी मौत होने पर जानवरों के बाड़े में मिट्टी के ढेर में शव को दबा दिया गया था। कमल की मां के मोबाइल फोन पर 30 लाख की फिरौती का मैसेज भी आया था। अपर पुलिस अधीक्षक प्रदीप वर्मा ने बताया कि रोहित की शिनाख्त पर कमल का कंकाल रूपी शव बरामद कर लिया गया है।
हत्या कर बाड़े में दफनाया शव
कमल किशोर की मां गीता देवी ने बताया कि बेटे के लापता होने के बाद दूसरे ही दिन 30 मार्च को मोबाइल पर 30 लाख की फिरौती का मैसेज खुद कमल किशोर के मोबाइल नंबर से आया और पति परमाल सिंह ने कोतवाली में तहरीर दी। दो लोगों पर संदेह जताया। पुलिस ने सही कार्रवाई न होने से नाराज पति ने 7 अप्रैल को 1076 पर शिकायत दर्ज कराई। गांव के युवक रोहित और दो अन्य लड़को पर संदेह जताते हुए पकड़वा भी दिया। रोहित याज्ञिक की निशानदेही पर उसके पशु बाड़े में मिट्टी में शव होने की बात कबूल की। इस सनसनी खेज मामले में माधोगढ़ पुलिस की कार्यशैली को लेकर परिजनों में आक्रोश है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
रोहित के घर के पशुबाड़े में कमल प्रताप का कंकाल में तब्शील शव मिलने के बाद उसके पिता परमाल सिंह ने आरोप लगाया है कि कोतवाल से लेकर हल्का इंचार्ज राम औतार यादव खोजबीन के नाम पर रुपये की मांग करते रहे। कई बार कोतवाली बुलाकर बेवजह परेशान किया गया। 30 तारीख को पत्नी के फोन पर फिरौती के लिए मैसेज आया लेकिन पुलिस ने आठ दिन बीत जाने के बाद भी कार्रवाई नहीं की। पुलिस समय से चेत जाती तो उनके लड़के कमल प्रताप की यह हालत न होती। अहतियात के तौर पर गांव में कई थानों का फोर्स तैनात किया गया है। परिवार के लोगों ने बताया कि कमल ने इसी वर्ष इंटर की परीक्षा दी थी और उसका रिजल्ट भी अभी नहीं आया कमल के भाई बहनों व मां गीता का रो-रोकर बुरा हाल है।
आपत्तिजनक वीडियो की भी चर्चा
शुरुआती जांच पड़ताल में पुलिस को पता चला है कि कमल प्रताप के पास अपने दोनों दोस्तों का एक आपत्तिजनक वीडियो था जिसे लेकर शराब पार्टी के दौरान उनमें झगड़ा हुआ था। दोस्त यह वीडियो कमल प्रताप के मोबाइल से हटाने चाह रहे थे जिसके लिए कमल प्रताप राजी नहीं था और कई दिनों से उन लोगों में इसी बात को लेकर मनमुटाव चल रहा था। उधर,शक के आधार पर पुलिस ने अभी तक तीन युवकों को हिरासत में लिया है और पूछताछ हो रही है। यह भी बताया जा रहा है कि कई और लोग भी रडार पर हैं। यह भी चर्चा है कि हत्या की वजह फिरौती नहीं है बल्कि माजरा किसी आपत्तिजनक वीडियो का है। लेकिन सही वजह पर अभी कोई खुलकर बोलने को तैयार नहीं है। पकड़ में आये युवकों से पुलिस सच उगलवाने के प्रयास कर रही है।


