Strike locks banks customers return disappointed - हड़ताल से बैकों में लटके ताले, मायूस लौटे ग्राहक DA Image
17 फरवरी, 2020|6:27|IST

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

हड़ताल से बैकों में लटके ताले, मायूस लौटे ग्राहक

हड़ताल से बैकों में लटके ताले, मायूस लौटे ग्राहक

विलय के अलावा अन्य मांगों को लेकर बुधवार को अधिकांश बैंकों में ताले जड़ते हुए कर्मचारी हड़ताल पर रहे। समस्त बैंककर्मियों ने ओरिएंटल बैंक पर धरना सभा के दौरान शासन की नीतियों की जमकर आलोचना की। आंदोलन की प्रक्रिया में अन्य संगठनों ने भी जगह-जगह धरना सभाएं आयोजित करते हुए अपने मांग पत्र शासन को प्रस्तुत किए।

यूपी बैंक एम्प्लाइज यूनियन के तत्वाधान में देशव्यापी हड़ताल का आह्वान एआईबीईए, एआईबीओए, बैफी, इन्बेफ एवं इन्बोक द्वारा किया गया था। ताला जड़ने के बाद समस्त बैंककर्मी अपनी मांगों के समर्थन में ओरिएंटल बैंक के बाहर जमा हुए जहां एक धरना सभा का आयोजन किया गया। सभा को ओरिएंटल बैंक के शानू जैन, विनोद बाबू, श्यामबाबू, श्रीकृष्ण, मुकेश कुमार, एचएल गौतम ने विलय का तीव्र विरोध करते हुए इस प्रक्रिया को तत्काल बंद करने की मांग की। पंजाब नेशनल बैंक के मुकेश बाबू, अरविन्द बाबू, धर्मेन्द्र, सलीम खान, आकाश कुमार, रविकांत, विजय कुमार ने वेतन समझौते की मांग की। सैंट्रल बैंक के शिव कुमार, अनुज कुमार, सत्यपाल सिंह राठौर, यूको बैंक के लाला बाबू वार्ष्णेय, धर्मपाल, इलाहाबाद बैंक के शेरसिंह ने सरकार की कथित बैकिंग सुधारों के नाम पर श्रमिक विरोधी कानून न बनाने की मांग की। पंजाब सिंध बैंक के देवेन्द्र शर्मा, बैंक ऑफ बड़ौदा की सलोनी शर्मा, कनारा बैंक के राकेश शर्मा, आंध्रा बैंक के उमेश कुमार, यूनियन बैंक के सुनीत कुमार ने बैंकों में पर्याप्त भर्ती की मांग उठाई। धरना सभा में रामवीर सिंह, राजकुमार, अजय कुमार, रमेशचंद्र, राजेन्द्रसिंह, मिथलेश, विनय कुमार ने भी संबोधित किया। यूपी बैंक एम्प्लाइज यूनियन के जिला सचिव अशोक कुमार माहेश्वरी ने भी अपने विचार रखे तथा यूनियन के अध्यक्ष नागेन्द्र कुमार ने सभी को हड़ताल सफल बनाने के लिए धन्यवाद दिया।

स्टेट बैंक पर नहीं दिखा हड़ताल का असर

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया पर हड़ताल का कोई असर नहीं दिखा। बैंक पर रोजाना की तरह बुधवार को भी उपभोक्ताओं की गहमा-गहमी दिखी। हालांकि बैंकों की हड़ताल को लेकर पूरे शहर में चर्चा थी इसीलिए लोग अधिकांशत: बैंकों की ओर जाने से कतराते रहे।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Strike locks banks customers return disappointed