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महापौर के खिलाफ नगर निगम में धरने पर बैठे पार्षद

महापौर के खिलाफ नगर निगम में धरने पर बैठे पार्षद

साथी के अपमान से गुस्साए पार्षदों ने सुबह नौ बजे नगर निगम के मुख्य द्वार धरना शुरू कर दिया। धरने में पार्षद मेयर के खिलाफ काफी देर तक नारेबाजी करते रहे। हाथों में तख्तियां लेकर पार्षद अपने विरोध का इजहार कर रहे थे। लगभग पांच घंटे बाद राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन नगर आयुक्त को सौंपकर धरना खत्म कर दिया गया। धरने का नेतृत्व पार्षद देशदीपक यादव अध्यक्ष पार्षद संघ ने किया।

धरने के दौरान पार्षद देशदीपक यादव ने बताया कि महापौर नूतन राठौर द्वारा पार्षद हरिओम गुप्ता चटनी के साथ जिस तरह का अशोभनीय व्यवहार किया गया वह बर्दाश्त के काबिल नही हैं। हम सभी साथी के अपमान को बर्दाश्त नहीं करेंगे तथा जब तक मेयर के खिलाफ कार्रवाई नहीं होगी हमारा विरोध जारी रहेगा। मेयर इसके लिए तत्काल मांफी मांगें। इस मौके पर पार्षद मेयर के खिलाफ जबर्दस्त नारेबाजी भी करते रहे। धरने की जानकारी मिलते ही नगर आयुक्त विजय कुमार मौके पर पहुंच गए। दोपहर लगभग सवा 12 बजे राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन नगर आयुक्त को सौंपते हुए धरना समाप्त कर दिया। धरने पर सुबोध दिवाकर, रिजवान, मुनेन्द्र यादव कार्यकारिणी सदस्य, सुभाष यादव, रॉकी जाटव, अभिनेन्द्र यादव, मोहित अग्रवाल, कृष्णमुरारी अग्रवाल, प्रेमचंद्र शंखवार, राजेश यादव मौजूद थे। इस मौके पर सपा महानगर अध्यक्ष राजू जर्रार, व्यापार मंडल जिला महामंत्री मनोज गुप्ता ने भी धरने का समर्थन किया।

यह है पूरा मामला

फिरोजाबाद। विगत छह जून को पार्षद हरिओम गुप्ता चटनी क्षेत्र में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा का मेयर नूतन राठौर को निमंत्रण देने के लिए उनके आवास स्थित कैंप कार्यालय पर पहुंचे थे। उनके साथ क्षेत्र की जनता थी। पार्षद वहां खाली पड़ी एक कुर्सी पर बैठ गए। आरोप है कि मेयर द्वारा अपमानित करके उन्हें कुर्सी से उठा दिया गया। इसका पता लगने पर साथी पार्षद भी मौके पर पहुंच गए जहां हंगामा हुआ। बाद में आहत पार्षद हरिओम गुप्ता ने थाने में मेयर के खिलाफ तहरीर भी दी, लेकिन पुलिस ने लेने से इनकार कर दिया था जिसको लेकर आज पार्षदों ने सामूहिक रूप से अपना विरोध जाहिर किया।

पुरानी तल्खी है पार्षदों- मेयर के बीच

फिरोजाबाद। मेयर और पार्षदों के बीच यह तल्खी काफी पुरानी है। इससे पूर्व भी दोनों के बीच कई बार विवाद पैदा हो चुका है।

विवाद नंबर एक

कुछ दिन पूर्व ही मेयर नूतन राठौर ने सपा पार्षद देशदीपक यादव एवं मुनेन्द्र यादव के खिलाफ थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। आरोप लगाया था कि दोनों ही पार्षद उनके आए दिन पुतले फूंकने के साथ सोशल मीडिया के माध्यम से उनके खिलाफ अभद्र व्यवहार करते हैं। इस मामले में पुलिस ने देशदीपक को गिरफ्तार किया था जबकि मुनेन्द्र यादव स्वयं थाने पहुंचे थे। इसमें एक अदालत से जबकि दूसरे को थाने से ही जमानत पर रिहा कर दिया गया।

विवाद नम्बर दो

इसी के तहत मेयर ने भाजपा पार्षद विनीता अग्रवाल के पति कृष्णमुरारी अग्रवाल के खिलाफ नगर निगम की संपत्ति पर अवैध रूप से कब्जा करने का आरोप लगाते हुए जांच के आदेश दिए थे।

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  • Web Title:Councilor sitting on a protest against the mayor in the municipal corporation