
99 लाख की घूस लौटाने वाला फर्जी IAS गिरफ्तार, बिहार चुनाव में कैश संग पकड़ाया था कारोबारी
यूपी के कई शहरों के अलावा MP और दूसरे जगहों पर भी ठगी की है। बिहार चुनाव के दौरान ही गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर मोकामा के एक व्यापारी को 99.09 लाख रुपयों के साथ पकड़ा गया था। इसके बाद ही फर्जी IAS चर्चा में आ गया था। जांच में पुष्ट हुआ था कि व्यापारी रिश्वत में दी गई रकम को फर्जी IAS से वापस पाया था।
सरकारी नौकरी और ठेका दिलाने का झांसा देकर करोड़ों की ठगी करने वाले फर्जी आईएएस को गोरखपुर गुलरिहा पुलिस ने उठा लिया है। बताया जा रहा है कि उसने यूपी के कई शहरों के अलावा एमपी और दूसरे जगहों पर भी ठगी की है। दरअसल, बिहार चुनाव के दौरान ही गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर मोकामा के एक व्यापारी को पुलिस ने 99.09 लाख रुपयों के साथ पकड़ा था, इसके बाद ही फर्जी आईएएस चर्चा में आ गया था। जांच में यह पुष्ट हुआ था कि व्यापारी रिश्वत में दी गई रकम को फर्जी आईएएस से वापस पाया था।
हालांकि, ठगी का शिकार हुए गोरखपुर के कुसम्ही के रहने वाले एक युवक की शिकायत पर पुलिस पहले से ही उसकी तलाश में जुटी थी। इसी बीच रेलवे स्टेशन पर नकदी पकड़े जाने के मामले में उसका नाम आने के बाद पुलिस की गिरफ्तारी से पहले ही वह फरार हो गया था। इस बीच उसने लखनऊ में अपना ठिकाना बना लिया था। पुलिस लखनऊ भी गई थी, लेकिन चकमा देकर वह गोरखपुर में अपने एक साथी से मिलने के लिए आ गया और मुखबिर की सूचना पर गुलरिहा पुलिस ने उसे दबोच लिया।
मध्य प्रदेश पुलिस को भी थी तलाश
कुसम्ही के एक शख्स ने फोटो और वीडियो देकर बताया था कि खुद को आईएएस बताने वाला शख्स निर्माण कार्यों का निरीक्षण करता है और फिर काली सूची में डालने की घुड़की देकर वसूली करता है। इसकी जानकारी उसने गोरखपुर और एमपी पुलिस को भी दी थी। दोनों प्रदेशों व पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी।
कई बार बदल चुका है बयान
पुलिस की गिरफ्तर में आया शातिर फर्जी आईएएस बिहार का मूल निवासी है। हालांकि, पूछताछ जारी होने की वजह से यह पता नहीं चला है कि बिहार में वह कहां का रहने वाला है। वह कई बयान भी बदल चुका है। वह गुलरिहा के झुंगिया बाजार में किराये के मकान में रह चुका है। सभी को वह यहीं का मूल निवासी बताता था।
व्यापारी ने ठेके के लिए दी थी रकम
रेलवे स्टेशन पर रकम के साथ पकड़े गए मोकामा का व्यापारी माधव मुकुंद ने जालसाज को दो करोड़ रुपये और दो लग्जरी गाड़ी रिश्वत के तौर पर 20 करोड़ का ठेका पाने के लिए दी थी। इसमें से एक करोड़ रुपये फर्जी आईएएस ने अपने एक परिचित से वापस कराया था। रुपये लेकर वैशाली एक्सप्रेस पकड़ने जाते समय शुक्रवार को गोरखपुर जंक्शन पर माधव मुकुंद पकड़ा गया था।
क्या बोली पुलिस
एसपी सिटी अभिनव त्यागी ने बताया कि पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर अग्रिम कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





