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इटावा औरैया

ऑनलाइन व बेविनार से सुधरेगी शिक्षा की गुणवत्ता

हिन्दुस्तान टीम,इटावा औरैयाPublished By: Newswrap
Mon, 29 Jun 2020 04:23 PM
ऑनलाइन व बेविनार से सुधरेगी शिक्षा की गुणवत्ता

जिले के बेसिक शिक्षा विभाग के स्कूलों की व्यवस्था सुधारने की कवायद चल रही है। पिछले तीन माह से लॉकडाउन के चलते विद्यालय बन्द चल रहे हैं इसलिए ऑनलाइन तथा बेविनार के माध्यम से शिक्षा व्यवस्था सुधारने की कवायद चल रही है। एक जुलाई से जब शिक्षक विद्यालय पहुंचने लगेंगे तब इसमें और तेजी आ जाएगी। एक तरह से पूरी व्यवस्था को ही हाईटेक किया जा रहा है।

इसी क्रम में अब हर महीने लर्निंग आउटकम में पांच प्रतिशत की बढ़ोत्तरी का लक्ष्य रखा गया है। यह लक्ष्य नव चयनित एसआरजी टीम को सौंपा गया है। खास बात यह है कि इस लक्ष्य को नवम्बर 2020 तक हासिल भी करना है। लक्ष्य निर्धारित कर दिए जाने के बाद स्टेट रिसोर्स ग्रुप टीम डायट प्राचार्य, बीएसए तथा खंड शिक्षा अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित करते हुए शिक्षा व्यवस्था में सुधार लाने में जुट गई है। इसके साथ ही लर्निंग आउटकम में वृद्धि करने का कार्य भी शुरू कर दिया गया है। इस कार्य में एआरपी व केआरपी सहयोग कर रहे हैं। शासन ने बेसिक शिक्षा में नई व्यवस्था लागू करते हुए जिले में तीन सदस्यीय एसआरजी का चयन हुआ है। इस टीम में उच्च प्राथमिक विद्यालय चकवा खुर्द के रामजनम सिंह, उच्च प्राथमिक विद्यालय कैलामऊ की मीनाक्षी पांडेय तथा उच्च प्राथमिक विद्यालय कुरसेना के संजीव चतुर्वेदी शामिल हैं। रिसोर्स ग्रुप टीम के सदस्यों ने बताया कि बेसिक शिक्षा महानिदेशक विजय किरण आनंद के निर्देशन में यूनिसेफ व इग्नस पहल के संयुक्त कार्यक्रम के अंतर्गत प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में शैक्षिक गुणवत्ता सुधार के लिए कार्य योजना तैयार कर ली गई है। इसमें स्टेट रिसोर्स ग्रुप के सदस्य एक महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में कार्य करेंगे। एसआरजी टीम को परिषदीय विद्यालयों में शैक्षिक स्तर सुधारने और लर्निंग आउटकम में वृद्धि करने का दायित्व सौंपा गया है।

जिलास्तर पर होने वाली कायाकल्प बैठकों में भी एसआरजी प्रतिभाग करेंगे तथा उसके अनुरूप योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए विभिन्न स्तरों पर समन्वय करेंगे। जिले के लिए चयनित इन एसआरजी की अब तक दो कार्यशालाएं हो चुकी हैं। दूसरी कार्यशाला प्रयागराज में हुई है जिसमें पूरे प्रदेश में छात्रों के लर्निंग आउटकम में पांच प्रतिशत वृद्धि का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

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