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इटावा में सीओ कार्यालय में तैनात सिपाही पर आरोप, एसएसपी से शिकायत

इटावा में सीओ कार्यालय में तैनात सिपाही पर आरोप, एसएसपी से शिकायत

संक्षेप:

Etawah-auraiya News - सैफई में एक पुलिस कांस्टेबल पर निर्दोष ग्रामीण को हिरासत में लेने का आरोप लगा है। ग्रामीणों ने एसएसपी से मिलकर कार्रवाई की मांग की। यह घटना तब हुई जब एक वृद्ध की मोटरसाइकिल स्कूटी से टकरा गई। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस ने बिना निष्पक्ष जांच के एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया।

Jan 17, 2026 10:41 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, इटावा औरैया
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सैफई सीओ कार्यालय में तैनात सिपाही पर निर्दोष को हिरासत में लेने का आरोप लगाते हुये बड़ी संख्या में लोग एसएसपी से मिले। एसएसपी ने पूरे मामले की जांच करके न्याय देने का भरोसा दिया है। बताए जा रहे एक पुलिस कांस्टेबल का नाम एक बार फिर विवादों में आ गया है। जसवंतनगर थाना क्षेत्र के ग्राम पड़रपुरा में सड़क दुर्घटना के बाद हुए विवाद में निर्दोष ग्रामीण को हिरासत में लिए जाने का आरोप लगाते हुए मंगलवार को ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। करीब दो दर्जन से अधिक महिलाएं और पुरुष ट्रैक्टर में सवार होकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के कार्यालय पहुंचे और सिपाही के खिलाफ कार्रवाई तथा पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए प्रार्थना पत्र सौंपा।

17 जनवरी 2026 को सुबह10 बजे ग्राम पड़रपुरा के सामने सैफई रोड पर बने सड़क ब्रेकर पर एक वृद्ध की मोटरसाइकिल पीछे से आ रही स्कूटी से टकरा गई थी। वृद्ध डायलिसिस कराने सैफई अस्पताल जा रहे थे। स्कूटी सवार व्यक्ति सिविल ड्रेस में था और स्वयं को सैफई सीओ कार्यालय में तैनात पुलिस कांस्टेबल बता रहा था। दुर्घटना के बाद उसने वृद्ध से अभद्र व्यवहार शुरू कर दिया। गांव वालों का आरोप है कि उन्होंने स्थिति को संभालते हुए पहले वृद्ध को इलाज के लिए सैफई अस्पताल भेजा। इसी दौरान गांव निवासी कमलेश यादव और उक्त सिपाही के बीच कहासुनी बढ़ गई, जो मारपीट तक पहुंच गई। इसके बाद सिपाही मौके पर अपना मोबाइल फोन छोड़कर चला गया और जाते-जाते ग्रामीणों को गंभीर मुकदमे में फंसाने की बात कही। कुछ ही देर बाद पुलिस को सूचना दे दी गई। आरोप है कि थाना जसवंतनगर पुलिस ने पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच किए बिना ही कमलेश यादव के बड़े भाई श्रीनिवास यादव को हिरासत में ले लिया, जबकि वे घटना के समय मौके पर मौजूद नहीं थे। श्रीनिवास यादव गांव में कपड़े की दुकान किये हैं। गांव वालों का कहना है कि सिपाही से जुड़ा होने के कारण मामले में एकतरफा कार्रवाई की गई। हिरासत में लिए गए श्रीनिवास यादव की पत्नी शीला यादव ने एसएसपी बृजेश कुमार श्रीवास्तव कार्यालय में गंाव वालों के साथ पहुंचीं। लेकिन वह नहीं मिले, उन्होंने शिकायतीपत्र देकर पति को निर्दोष बताया।

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