
मेरठ में बनेगी डिजिटल लाइब्रेरी और वेस्ट टू वंडर पार्क, योगी सरकार ने 8 प्रोजेक्ट्स को दी मंजूरी
मेरठ में अगले डेढ़ साल में शहर की सूरत बदलने वाले आठ बड़े प्रोजेक्ट शुरू होंगे। मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत शासन ने नगर निगम के 51 करोड़ रुपये के प्रस्तावों को मंजूरी दी है।
करीब एक से डेढ़ साल में मेरठ को डिजिटल लाइब्रेरी, उत्सव भवन, वेस्ट टू वंडर पार्क, ट्रैफिक पार्क मिल जाएगा। प्रदेश सरकार ने मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत मेरठ के आठ प्रस्तावों को मंजूरी दी है। इस पर 51 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

शासन की ओर से नगर निगम से मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत प्रस्तावों की जानकारी मांगी गई थी। नगर निगम ने शहर के विकास को एक दर्जन प्रस्ताव शासन को भेजे हैं। शासन की ओर से विचार-विमर्श के बाद आठ प्रस्तावों को अनुमोदित कर दिया है। मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत इन प्रस्तावों को वार्षिक कार्ययोजना में शामिल कर कार्यदायी संस्था भी नामित कर दी है। अब इन सभी प्रस्तावों पर एस्टीमेट-डीपीआर जल्द उपलब्ध कराने को कहा है, ताकि कार्य को अंतिम मंजूरी देते हुए निर्माण कार्य प्रारंभ किया जा सके।
जोनल आफिस, डिजिटल लाइब्रेरी, पांच चौराहों पर सबसे अधिक खर्च
शासन की ओर से जिन प्रस्तावों को अनुमोदित किया गया है उसमें से सबसे ज्यादा 10-10 करोड़ रुपये अत्याधुनिक जोनल कार्यालय, डिजिटल लाइब्रेरी और पांच चौराहों के विकास, सौंदर्यीकरण पर खर्च होंगे। इन तीन प्रोजेक्ट पर 30 करोड़ अनुमानित खर्च बताया गया है।
डेढ़ साल में बदल जाएगी शहर की सूरत
मेयर हरिकांत अहलूवालिया ने बताया कि अगले डेढ़ साल में शहर की सूरत बदल जाएगी। शासन ने शहर से जुड़े आठ प्रस्तावों को अनुमोदित कर दिया है। यह बड़ी बात है। वहीं, नगर आयुक्त सौरभ गंगवार ने कहा कि शहर से जुड़े आठ प्रस्तावों को मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत शासन ने अनुमोदन कर दिया है। जल्द इन प्रस्तावों के प्रोजेक्ट की प्रक्रिया पूर्ण कराई जाएगी, ताकि जल्द काम प्रारंभ हो सके।





