कानपुर कलेक्ट्रेट में डीजल लेकर पहुंच गए सगे भाई; मचा हड़कंप, जानें वजह
कानपुर और बागपत कलेक्ट्रेट में अलग-अलग मामलों में आत्मदाह के प्रयास से हड़कंप मच गया। कानपुर में जमीन विवाद से परेशान दो भाइयों ने डीजल डाल लिया, जबकि बागपत में दुष्कर्म आरोपी पर कार्रवाई न होने से परिवार ने पेट्रोल उड़ेला। पुलिस ने सभी को बचाकर जांच शुरू की।

उत्तर प्रदेश के कानपुर और बागपत जिलों में सोमवार को कलेक्ट्रेट परिसरों में आत्मदाह के प्रयास की दो अलग-अलग घटनाओं ने प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए। दोनों ही मामलों में पीड़ित पक्ष ने अपनी समस्याओं का समाधान न होने से आहत होकर यह कदम उठाने की कोशिश की, हालांकि मौके पर मौजूद पुलिस और अधिकारियों की सतर्कता से बड़ा हादसा टल गया।
सगे भाइयों का आत्मदाह का प्रयास
कानपुर कलेक्ट्रेट में सुबह करीब 10 बजे कानपुर देहात के मैथा क्षेत्र निवासी सगे भाई पदम सिंह और मोती सिंह ने अपने ऊपर डीजल डालकर आत्मदाह करने का प्रयास किया। घटना से परिसर में अफरा-तफरी मच गई। वहां मौजूद सुरक्षा गार्ड ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दोनों को रोकने की कोशिश की और उनके हाथ से डीजल की पिपिया छीन ली। सूचना मिलते ही पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई और दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई।
जमीन पर दबंगों के कब्जे से परेशान
एडीएम के मुताबिक दोनों भाइयों का आरोप है कि नौबस्ता के आवास विकास क्षेत्र में उनकी करीब सात बीघा पुस्तैनी जमीन पर दबंगों ने कब्जा कर लिया है और आवास विकास विभाग भी इसमें शामिल है। उन्होंने बताया कि कई बार अधिकारियों से शिकायत करने और मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी गुहार लगाने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ। इसी से परेशान होकर उन्होंने आत्मदाह का कदम उठाने की कोशिश की। जिलाधिकारी ने भी दोनों से बातचीत कर मामले की जानकारी ली और जांच के निर्देश दिए हैं।
बागपत कलेक्ट्रेट में परिवार ने आत्मदाह की चेतावनी दी
वहीं दूसरी घटना बागपत कलेक्ट्रेट में सामने आई, जहां बिलोचपुरा गांव का एक पीड़ित परिवार बेटी से दुष्कर्म के आरोपी पर कार्रवाई न होने से आक्रोशित होकर कलेक्ट्रेट पहुंचा। परिवार के पांच सदस्यों ने आत्मदाह की चेतावनी देते हुए अपने ऊपर पेट्रोल उड़ेल लिया, जिससे परिसर में हड़कंप मच गया। मौके पर मौजूद एसडीएम ज्योति शर्मा ने तत्काल हस्तक्षेप कर महिलाओं से पेट्रोल की बोतल छीन ली और बड़ी घटना होने से बचा लिया। सूचना मिलने पर बागपत कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और सभी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी।
डॉक्टर पर युवती से रेप का आरोप
परिजनों का आरोप है कि करीब एक माह पहले उनकी बेटी घर से लापता हो गई थी, जिसकी गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी। बाद में उन्होंने एक चिकित्सक पर युवती के साथ दुष्कर्म का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की, लेकिन पुलिस द्वारा ठोस कदम न उठाए जाने से नाराज होकर उन्होंने यह कदम उठाया।
दोनों घटनाओं ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि जब लोगों की शिकायतों का समय पर समाधान नहीं होता, तो वे आत्मदाह जैसे खतरनाक कदम उठाने को मजबूर हो जाते हैं। प्रशासन ने दोनों मामलों में जांच का भरोसा दिलाया है और पीड़ितों को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।


