Bhadoni News: स्टेशन पर उगी झाड़ियों से बढ़ा विषाक्त जंतु का खतरा
Bhadoni News: स्टेशन पर उगी झाड़ियों से बढ़ा विषाक्त जंतु का खतरा स्टेशन पर उगी झाड़ियों से बढ़ा विषाक्त जंतु का खतरा स्टेशन पर उगी झाड़ियों से बढ़ा विषाक्त जंतु का खतरा

Bhadoni News: सुरियावां, हिन्दुस्तान संवाद। रेलवे स्टेशन सुरियावां पर ट्रेन का इंतजार करना यात्रियों के लिए जोखिम भरा साबित हो रहा है। स्टेशन के आसपास झाड़ियां उगने से विषाक्त जंतु का खतरा बढ़ गया है। रात्रि में आपूर्ति ठप होते ही पूरा स्टेशन परिसर अंधेरे में डूब जाता है। सुंदरीकरण के नाम पर करोड़ों खर्च हो गया लेकिन यात्रियों की समस्या जस की तस बनी हुई है। बारिश होते ही शेड से पानी गिरने लगता है। ऐसे में यात्री अपना सामान समेटने के साथ ही बच्चों को लेकर इधर-उधर भागने लगते हैं। रेलवे स्टेशन सुरियावां पर सोमवार की सुबह यात्री टे्रन के इंतजार में बैठे थे।
इस बीच बारिश शुरू हो गई। बारिश होते ही शेड से पानी झरने की तरह गिरने लगा। वर्षा तेज हुआ तो यात्री सामान समेटने के साथ ही बच्चों को लेकर इधर-उधर भागने लगे। हालांकि कुछ ही समय बाद बारिश थमा तो यात्रियों ने राहत की सांस ली। बताया जाता है कि इसी स्टेशन पर सुंदरीकरण के नाम पर करोड़ों रुपया खर्च हो गया। लेकिन यात्रियों की परेशानी अब भी बनी हुई है। प्लेटफार्म नंबर दो पर बबूल की झाड़ियां उग गई है। दिन में तो किसी तरह यात्रियों का आवागमन हो जाता है। लेकिन रात्रि में इधर से गुजरने वाले यात्री डरे और सहमें हुए रहते हैं। बारिश के दिनों में स्टेशन परिसर में विषाक्त जंतुओं का खतरा बढ़ गया है। झाड़ियों के पास आए दिन सांप और बिच्छू जैसे जानवर दिखते रहते हैं। प्लेटफार्म नंबर दो पर ही जगह-जगह गड्ढा बन गया है। ऐसे में यात्री गड्ढों में उलझकर गिरकर चोटिल हो जा रहे हैं। बारिश के दिनों में इस तरफ फिसलन इतना बढ़ गया है कि ट्रेन से गिरे यात्री सामान समेत गिरकर घायल हो जा रहे हैं। स्थानीय लोगों की माने तो तीन वर्ष पूर्व सुंदरीकरण के नाम पर करोड़ों रुपया खर्च हो गया था, लेकिन यात्रियों की समस्या का समाधान नहीं हुआ। कई स्थानों पर अलबेस्टर क्षतिग्रसत होकर उखड़ गया है। स्टेशन पर उगी झाड़ियां यात्रियों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। पूर्व में बिछा इंटरलाकिंग कई स्थानों पर धंसने लगा है। इससे ट्रेन पकड़ने के लिए तेज गति से आने वाले यात्री गिरकर जख्मी हो जाते हैं। स्टेशन परिसर में जगह-जगह भौ फूट गया है।


