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कैलकुलेटर व मोबाइल पर बूथवार हो रही वोटों की गणना

भदोही नगर पालिका सीट पर हुए निकाय चुनाव में मतदान के बाद भी मतदाताओं की चुप्पी ने राजनीतिक के जानकारों की नींद गायब कर दी है। जीत का ऊंट किस करवट बैठेगा, इसे जानने के लिए सुबह से लेकर देर शाम तक मोबाइल व कैलकुलेटर पर प्रत्याशियों के समर्थक बूथवार दिमाग लगा रहे हैं। बहरहाल, चेयरमैन का ताज किसके सिर बधेगा, यह तो एक दिसंबर को मतगणना के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। 

जनपद दो नगर पालिका व पांच नगर पंचायतों में आबादी, मतदाताओं की संख्या सबसे अधिक भदोही नगर पालिका परिषद क्षेत्र में है। इतना ही नहीं, शहर के विकास के लिए दिल खोलकर सरकारें धन भी मुहैया कराती हैं। ऐसे में भदोही की सीट पर कब्जा करने के लिए कांग्रेस, भाजपा, सपा, बसपा, आम आदमी पार्टी के साथ ही निर्दल प्रत्याशियों ने पूरी ताकत लगा दी थी। नामांकन प्रक्रिया के बाद प्रत्याशियों व उनके समर्थकों ने पूरे शहर को मथते हुए विकास कार्य कराने के वादों की झड़ी लगा दी। इस दौरान मतदाताओं ने सभी की हां में हां मिलाकर दरवाजे से रवाना किया था। 26 नवंबर को मतदान सम्पन्न हो गया। जिसके बाद हार व जीत को लेकर कयासों का बाजार गर्म है। 

चेयरमैन पद के प्रत्याशी, समर्थक व राजनीति के जानकारों की नींदें गायब हैं। कारण, पहली बार मतदाताओं की नब्ज कोई टटोल नहीं पा रहा है। चुनाव के दौरान आयोग द्वारा उपलब्ध बूथवार आंकड़ों पर पूरे दिन चाय, पान की दुकानों, प्रतिष्ठानों व कार्यालयों में माथापच्ची जारी है। घंटों मशक्कत के बाद भी किसके सिर ताज बंधेगा, यह कहने में हर कोई हिचकिचा रहा है। अंत में बस यही बात जुबां पर आती है कि एक दिसंबर को मतगणना के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। 

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  • Web Title:Calculators and counting of booth wise votes on mobile