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बरेली

रामगंगा नदी के पास बिना अनुमति नहीं होगा शवों का अंतिम संस्कार

हिन्दुस्तान टीम,बरेलीPublished By: Newswrap
Wed, 19 May 2021 03:40 AM
रामगंगा नदी के पास बिना अनुमति नहीं होगा शवों का अंतिम संस्कार

कोरोना संक्रमण के बढ़ते ही सूबे की नदियों में लाशों के मिलने और अंतिम संस्कार के मामले सामने आ रहे हैं। इसकी रोकथाम के लिए नगर निगम प्रशासन ने कदम बढ़ाए है। रामगंगा नदी नगर निगम सीमा में नहीं है, इसके बावजूद नदी के पास अंतिम संस्कार बिना अनुमति के नहीं होगा। नगर निगम के दो अधिकारी, 11 पार्षदों की एक कमेटी का गठन किया है। रामगंगा नदी पर प्रवर्तन दल के सुरक्षा गार्ड तैनात कर दिए गए हैं। कमेटी के लोग रोजाना रामगंगा नदी का निरीक्षण कर रिपोर्ट देगी।

मेयर डॉ. उमेश गौतम की अध्यक्षता में नगर निगम कैंपस में अधिकारी, पार्षदों के साथ एक अहम बैठक हुई। बैठक में शासन के निर्देश पर नगरीय क्षेत्रों में शवों को नदियों में प्रवाहित करने से रोके जाने पर मंथन हुआ। निर्णय लिया गया है कि 11 पार्षद और दो नगर निगम के अधिकारी रोजाना रामगंगा नदी का निरीक्षण करेंगे। कोरोना संक्रमित या अन्य बीमारी से मृतक शवों को नदियों में प्रभाहित नहीं किया जाएगा। रामगंगा नदी घाट की निगरानी होगी। कमेटी के सदस्य रामगंगा नदी घाट की निगरानी प्रवर्तन दल के सहयोग से करेंगे। 24 घंटे रामगंगा नदी पर निगरानी रहेगी।

नदी पर अंतिम संस्कार को शव आए तो थाना को दे सूचना

निगरानी समिति के लोग रोजाना रामगंगा जाकर निरीक्षण करेंगे। इसके बाद वहां प्रवर्तन दल के सुरक्षा गार्ड तैनात रहेंगे। कोई शव नदी के आसपास भी अंतिम संस्कार के लिए आता है तो प्रवर्तन दल के लोग निगरानी समिति के अधिकारियों को सूचित करेंगे। समिति की तरफ से संबंधित थाना में इसकी सूचना फौरन दी जाएगी।

नदियों में शवों को लेकर प्रदूषण बोर्ड की टीम भी कर रही निगरानी

बिहार के बाद यूपी में भी गंगा, रामगंगा एवं सहायक नदियों में शवों की अंत्येष्टि करने के मामले संज्ञान में आए हैं। नदियों, रामगंगा, गंगा में शव अक्सर उतराते देखे जा रहे हैं। इसको देखते हुए,शासन के निर्देश पर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने निगरानी शुरू कर दी है। यदि कहीं शव पानी में आता दिखाई देगा, तो उसकी जिम्मेदारी क्षेत्रीय थाना पुलिस की होगी। शव की अंत्येष्टि शमशान भूमि में चिता बनाकर कराई जाएगी। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम अपने क्षेत्र के गंगा और रामगंगा के कुछ स्थानों पर प्रतिदिन सेंपलिंग करेंगी। जिससे पता लगाया जा सके, पानी की धारा में कौन-कौन से केमिकल आदि तत्व मिलकर आ रहे हैं।

निगरानी स्थल नामित सदस्य

रामगंगा नदी घाट अजय चौहान, मुनेंद्र यादव

गुलाबवाड़ी श्मशान घाट छंगामल मौर्य

संजय नगर श्मशान घाट संजय राय, कपिल कांत

सिटी श्मशान घाट अजय चौहान, मुनेंद्र

छोटी बड़ी बिहार श्मशान घाट नरेश पटेल

तुलाशेरपुर श्मशान घाट नरेश पटेल, राधे गुर्जर

तातारपुर श्मशान घाट अतुल कपूर, महेश राजपूत

सीबीगंज श्मशान घाट सुभाष वर्मा, नरेश पटेल

श्मशान घाट पर भी निरीक्षण करेंगी टीम

नगर निगम की गठित टीम शहर के बाकी श्मशान घाटों का भी निरीक्षण करेगी। तीन श्मशान घाट सिटी, संजय नगर, गुलाबवाड़ी में कोविड 19 महामारी से हुई मृत्यु का अंतिम संस्कार शासन की गाइड लाइन के अनुसार हो रहा या नहीं टीम इसको देखेगी।

कोट

शवों को नदियो में प्रवाहित करने से रोके जाने के संबंध में 11 पार्षद और दो अधिकारियों को नामित कर एक टीम का गठन किया है। रामगंगा नदी पर प्रवर्तन दल के सुरक्षा गार्ड की तैनाती की गई है।

- डॉ. उमेश गौतम, मेयर

रामगंगा नदी से लेकर तीन श्मशान घाटों पर निगरानी रखने के लिए एक टीम बनी है। रामगंगा नदी पर बिना अनुमति शवों का अंतिम संस्कार नहीं होने दिया जाएगा। टीम निगरानी रखेगी और रोजाना मॉनीटरिंग होगी।

- अजीत कुमार सिंह, अपर नगरायुक्त

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