DA Image
हिंदी न्यूज़   ›   उत्तर प्रदेश  ›  बरेली: एसपी और एडीएम की मौजूदगी में पीटे गए कांवड़िये

बरेलीबरेली: एसपी और एडीएम की मौजूदगी में पीटे गए कांवड़िये

बरेली आंवला वरिष्ठ संवाददाताPublished By: Malayojha
Fri, 21 Jul 2017 10:45 PM
घायल कांवड़ यात्री की मदद करते जवान
1 / 4घायल कांवड़ यात्री की मदद करते जवान
कांवड़ यात्रियों पर हमला
2 / 4कांवड़ यात्रियों पर हमला
बवाल के बाद छावनी बना खेलम गांव
3 / 4बवाल के बाद छावनी बना खेलम गांव
कांवड़ यात्रियों पर हुए हमले के बाद भारी संख्या में जवान तैनान
4 / 4कांवड़ यात्रियों पर हुए हमले के बाद भारी संख्या में जवान तैनान

खेलम गांव में उपद्रवी पहले से माहौल बिगाड़ने की तैयारी में थे। यही वजह रही कि उन्हें अफसरों का भी बिल्कुल खौफ नहीं रहा। एसपी देहात, एडीएम, सीओ और एसडीएम समेत पुलिसवालों की मौजूदगी में कांवड़ियों पर पथराव कर उन्हें पीटा गया। इसके बाद फायरिंग की गई। उपद्रवियों की भीड़ एक एसडीएम को घर में खींच ले गई। उन्हें जमकर पीटा गया। बड़ी मुश्किल से पुलिस के जवान एसडीएम को भीड़ से बचाकर लाए।

खेलम गांव में मुख्य रोड से गुजरकर अपने घरों तक जाने के लिए कांवड़िये जाम लगाकर प्रदर्शन कर रहे थे। वे तीन घंटे तक प्रदर्शन करते रहे। इसी दौरान दूसरे समुदाय के लोगों ने अपने घरों की छतों पर ईंट, पत्थर इकट्ठे कर हमले की तैयारी कर ली। जैसे ही कांवड़ियों का जत्था वहां से गुजरा उपद्रवियों ने उन पर ईंट और पत्थर की बरसात कर दी। अचानक हुए पथराव और फायरिंग से पुलिस और कांवड़ियों में भगदड़ मच गई। उपद्रवियों ने कांवड़ियों को घरों में खींचकर उनकी पिटाई की।

हमले के चश्मदीद रहे कैबिनेट मंत्री के भाई
खैलम में जब कांवड़ियों को गुजारा जा रहा था तब कैबिनेट मंत्री के भाई डा. मान सिंह पुलिस-प्रशासन के साथ आगे चल रहे थे। उन्होंने बताया कि कांवड़ियों पर हमला योजनाबद्ध तरीके से था। इसमें पुलिस की ढिलाई रही। यदि सुरक्षा बल नहीं होता तो हालात बेकाबू हो जाते। जैसे ही हमला हुआ तो वे एक खुले जीने से होते हुए छत पर चढ़ गए और वहां पथराव कर रही महिलाओं और बच्चों को फटकारकर भगाया। 

वीडियोग्राफी से चिन्हित किए जा रहे उपद्रवी
हमले के दौरान पुलिस ने मोबाइल से पथराव करने वाले लोगों की वीडियोग्राफी की है। इसके आधार पर लोगों को चिन्हित कर कार्रवाई करने की तैयारी की जा रही है। 

गुलड़िया से आईजी ने देखे बवाल के हालात
कांवड़ियों पर बवाल और पथराव के बाद आईजी एसके भगत पुलिस टीम के साथ वहां पहुंच गए। हालांकि वह खेलम गांव नहीं गए। वहां से दूर गुलड़िया गांव में कैंप कर हालात पर नजर रखे रहे। उन्होंने एसएसपी से फोन पर बात की। पुलिस को दिशानिर्देश दिए गए।

खेलम गांव में कांवड़ियों पर कुछ लोगों ने पथराव कर दिया था। स्थिति अब सामान्य है। बवाल करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस को उपद्रवियों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
- एसके भगत, आईजी

बवाल के बाद छावनी बना खेलम गांव
कांवड़ियों पर पथराव और फायरिंग के बाद अलीगंज के खेलम गांव में बवाल हो गया। डीएम और एसपी के साथ जिलेभर का फोर्स वहां पहुंच गया है। पुलिस के कड़े सुरक्षा घेरे में कांवडियों को उनके घरों तक पहुंचाया। इसके बाद पुलिस ने उपद्रवियों के खिलाफ सर्च ऑपरेशन शुरू किया। देर रात तक आधा दर्जन से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया है। अलीगंज में रास्ते को लेकर हुए विवाद के बाद कांवड़ियों ने मुख्य मार्ग पर जाम लगा दिया था। साढ़े तीन घंटे के बाद एसपी देहात ख्याति गर्ग ने इस शर्त के साथ कांवड़ियों को गांव के मुख्य मार्ग से गुजरने की अनुमति दी कि वह डीजे नहीं बजाएंगे। पुलिस, सुरक्षा बल और अधिकारियों की मौजूदगी में जब कांवड़ियों को खैलम के मेन रोड से गुजारा जा रहा था इसी दौरान दूसरे समुदाय के लोगों ने पथराव और फायरिंग कर दी। इससे भगदड़ मच गई। सुरक्षाबलों ने घरों में घुसकर लोगों पर काबू किया। मामला बढ़ने पर डीएम और एसएसपी पुलिस टीमों के साथ वहां पहुंच गए। इसके बाद एडीएम, एसपी देहात, सीओ और एसडीएम के साथ पांच थानेदारों की टीमें बनाई गई हैं। पूरे गांव में एक साथ सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया।

संबंधित खबरें